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| शिवराजसिंंह चौहान |
मंत्रिमंडल की बैठक में मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने दिए
मंत्रियों को निर्देश
प्रदेश के मंत्री अब किसानों के बीच पहुंचकर बताएंगे कि भावांतर अच्छी योजना है. मंत्रिगण किसानों को यह भी बताएंगे कि कांग्रेस इस योजना को बदनाम कर रही है.
मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मंत्रियों से अनौपचारिक चर्चा में मुख्यमंत्री शिवराजसिंंह चौहान ने आज मंत्रियों से भावांतर योजना की जानकारी ली और किसानों की परेशानियों को जाना. उन्होंने इस दौरान हमें भावांतर योजना के बारे में किसानों को बताने की जरुरत है. विपक्ष अच्छी योजना को बदनाम कर रहा है. मुख्यमंत्री ने मंत्रियों से कहा कि 1 नवंबर से सभी मंत्री अपने गृह एवं प्रभार वाले जिलों में भावांतर योजना के बारे में बताएंगे. स्थापना दिवस पर भावांतर योजना को भाषण में शामिल किया जाएगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि मंत्री जिस जिले में जाएं, वहां मंडियों में जाकर किसानों से मिलें और उनसे चर्चा कर परेशानी को जाने साथ ही उन्हें भावांतर योजना की जानकारी दें.
दरअसल 16 अक्तूबर सरकान ने भावांतर योजना को किसानों का सुरक्षा कवच बताकर प्रचार किया था, मगर मंडियों में योजना के नाम पर हो रही ठगी के बाद किसान अब भावांतर योजना के विरोध में सड़क पर उतर आए हैं. राजधानी भोपाल के अलावा ग्वालियार, इंदौर, उज्जैन, होशंगाबाद, जबलपुर संभाग की कई मंडियों में किसानों ने आंदोलन तक कर दिए. अब किसान आरोप लगा रहे हैं कि भावांतर योजना की वजह से मंडियों में फसलों के भाव गिरे हैं, इसके चलते मुख्यमंत्री ने अब मंत्रियों को भावांतर योजना की जानकारी किसानों को देने का जिम्मा सौंपा है.
मंत्रिमंडल की बैठक में स्कूल शिक्षा विभाग के अंतर्गत हाई स्कूल और हायर सेकेण्डरी स्कूलों के भवन निर्माण के लिए 2017-18 से 2019-20 तक के लिए कुल योजना राशि 2871.83 करोड़ रुपए की सैद्धांतिक सहमति प्रदान करने का निर्णय लिया. इसके अलावा जल संसाधन विभाग के अंतर्गत सीप कोलार लिंक परियोजना की 13 हजार 721.05 लाख की द्वितीय पुनरीक्षित प्रशासकीय मंजूरी प्रदान की. परियोजना के अंतर्गत रबी में 6100 हेक्टेयर और खरीफ में 2600 हेक्टेयर की सिंचाई सुविधा किसानों को प्राप्त होगी. सीहोर जिले की इछावर तहसील के अलीपुर ग्राम के पास सीप नदी पर परियोजना निर्माणाधीन है. सीहोर जिले के 13 ग्रामों को परियोजना का लाभ प्राप्त होगा. बैठक में मुख्यमंत्री कौशल संर्वधन योजना एवं मुख्यमंत्री कौशल्या योजना में आवश्यक संशोधन का निर्णय लिया. योजनाओं के क्रियांवयन की कठिनाईयों को दूर करने के लिए योजना में संशोधन को मंजूरी दी गई. इससे त्वरित गति से कार्य किया जा सकेगा.
मंत्रिमंडल की बैठक के अन्य फैसले
* जनजातीय कार्य विभाग अंतर्गत योजनाओं का अनुश्रवण और मूल्यांकन अनुच्छेद 275(1) की योजना क्रमांक 5155 को वर्ष 2017-18 से 2019-20 तक के लिए निरंतर संचालन एवं वित्तीय आकार राशि रुपए 3788 लाख का अनुमोदन किया.
* जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत ही आदर्श उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, गुरूकुलम विद्यालय को वर्ष 2017-18 से वर्ष 2019-20 तक निरंतर संचालन के लिए 7330.02 लाख राजस्व और 11200.00 लाख पूंजीगत के वित्तीय आकार का अनुमोदन भी किया गया.
* वित्त विभाग के अंतर्गत मध्यप्रदेश वित्त निगम को वाणिज्यिक बैंकों, अन्य संस्थाओं द्वारा प्राप्त ऋण 200 करोड़ व उस पर देय ब्याज के भुगतान के लिए राज्य शासन की गारंटी देने का निर्णय लिया गया.
• * नगरीय विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत मध्यप्रदेश राज्य सफाई कर्मचारी आयोग में एक अध्यक्ष, एक उपाध्यक्ष और छह सदस्यों के मनोनयन के संबंध में गत माह जारी आदेश का अनुसमर्थन किया.
* पर्यटन विभाग के अंतर्गत आयुक्त पर्यटन के अस्थायी पद को केन्द्रीय वित्त आयोग की अवार्ड अवधि तक निरंतर रखे जाने की स्वीकृति प्रदान की. यह अवधि 31 मार्च 2020 तक रहेगी.
* उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत बरकतउल्ला विश्वविद्यालय, भोपाल के छह छात्रावासों के लिए तीन पुरूष और तीन महिला छात्रावास अधीक्षक के पद स्वीकृत करने का निर्णय लिया. इन पदों का वित्तीय भार विश्वविद्यालय द्वारा ही वहन किया जाएगा.
* अनुसूचित जाति कल्याण विभाग के अंतर्गत मुख्यमंत्री आर्थिक कल्याण योजना को अगले तीन वित्त वर्ष निरंतर संचालित करने की मंजूरी प्रदान की. इसके लिए 30 करोड़ रुपए की राशि के प्रावधान को भी अनुमोदित किया गया. अनुसूचित जाति कल्याण विभाग के ही अंतर्गत अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों के लिए आवास सहायता योजना के संचालन को भी अगले तीन वर्ष के लिए स्वीकृति प्रदान की गई.

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