रविवार, 27 मई 2018

शिवराज सरकार कर रही बदले की कार्यवाही

नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने साहित्य अकादमी से पुरस्कृत साहित्कार उदयप्रकाश के साथ रेत माफिया और स्थानीय पुलिस अधिकारियों द्वारा किए गए दुर्व्यवहार को उदयप्रकाश द्वारा मौजूदा व्यवस्था के प्रति असहमति जताने पर शिवराज सरकार द्वारा बदले की कार्यवाही लेना बताया है.
नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने कहा कि पुलिस प्रशासन और रेत माफियाओं का गठजोड़ पूरे प्रदेश में है. पुलिस रेत माफियाओं के विरूद्ध कोई शिकायत भी नहीं सुनना चाहती है इसका उदाहरण है साहित्यकार उदयप्रकाश के साथ घटित घटना है. उन्होंने कहा कि उदयप्रकाश के साथ इस तरह का व्यवहार इसलिए किया है क्योंकि वे देश के पहले साहित्यकार थे जिन्होंने असहिष्णुता के खिलाफ साहित्य अकादमी से मिला सर्वोच्च अवार्ड वापस कर दिया था. अजय सिंह ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार भाजपा के राज में असहमति के स्वर के लिए कोई जगह नहीं है. उन्होंने कहा कि साहित्य में अपनी रचनाधर्मिता से उदयप्रकाश ने प्रदेश-देश को दुनिया में गौरव प्रदान किया. उनके साथ यह व्यवहार शर्मनाक है. सिंह ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मांग की है कि वे उदयप्रकाश एवं उनके परिवार को रेत माफिया और स्थानीय पुलिस से सुरक्षा प्रदान करें.

देश की जनता निराश थी कांग्रेस के राज से: एम.जे.अकबर

प्रबुद्धजन सम्मेलन में अकबर ने कहा आंकड़े हम खाएंगे क्या?

केन्द्रीय मंत्री एम.जे.अकबर ने कहा कि 2014 के लोकसभा चुनाव के वक्त जो माहौल था, उसे सबने देखा. देश की जनता कांग्रेस के शासनकाल से निराश हो गई थी. देश में बदलाव के चलते मोदी प्रधानमंत्री बने, जो हर मर्ज के साथ उसका इलाज भी जानते हैं.
अकबर ने ये बात आज राजधानी में मोदी सरकार के चार साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम प्रबुद्धजन सम्मेलन में कही. उन्होंने कहा कि 2014 में मुझे लगता था कि कहीं अगर चुनाव का परिणाम निर्णयी नहीं हुआ तो देश का क्या होगा? 1970 में दूर-दूर तक कोई रोशनी नहीं थी, लेकिन अब हमें ऐसा प्रधानमंत्री मिला है, जो हर मर्ज के साथ उसका इलाज भी जानता है.  उन्होंने कहा कि बीते चार सालों में मोदी ने बहुत सोच समझकर और तर्क के साथ काम किया है. आज दो ही चीजें महत्वपूर्ण हैं, जिसके लिए मोदीजी ने काम किया है. गरीबी देश को खा रही थी, गरीबी का मिटाने के लिए वे सक्रिय हैं. उन्होंने कहा कि आज देश की सबसे बड़ी कमजोरी गरीबी है और गरीबी को दूर करने के लिए आप सबका साथ जरूरी है. देश से गरीबी दूर करने के लिए जाति, धर्म के भेदभाव को भुलाकर साथ आगे बढ़ना होगा. 
केन्द्रीय मंत्री ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस हमेशा गलत आरोप लगाती है. आंकड़ों को लेकर गलत बयानी बात कही जाती है. हम आंकड़े खायेंगे क्या? आकड़े अपनी जगह हैं. उन्होंने कहा कि आज यूरोपीय देश मोदीजी से सीखने के लिए आ रहे हैं. मोदी सरकार ने भष्टाचार को रोका है. बेहतर स्वास्थ्य के लिए काम किया है. आज देश के हर राज्य में अच्छी सड़कें हैं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और विरोधी दल चाहे जो कहें, अगले चुनाव में एक फिर मजबूत सरकार चुनने का मौका देश की जनता हमें देगी. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी हमेशा ही गैर जिम्मेदाराना बयान देते रहे हैं, जब मोदी सरकार ने आम लोगों के बैंक अकाउंट खुलवाए थे, तब भी वे हंसते थे, लेकिन आज जो परिणाम है वह आप सभी के सामने हैं. 
पड़ौसी देशों को लेकर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को उन पड़ौसी देशों की ज्यादा चिंता होती थी, जो आज हम पर ज्यादा हमले कर रहे हैं. मोदी की विदेश नीति की उन्होंने सराहना की और कहा कि उन्होंने विदेशों में हमारे संबंधों को सुधाने कहा काम किया है.
भूल गए शिवराज सिंह कितने शाल से हैं मुख्यमंत्री
केन्द्रीय मंत्री एम.जे.अकबर वैसे तो मध्यप्रदेश से ही राज्यसभा सदस्य हैं, मगर आज प्रबुद्धजन सम्मेलन के दौरान वे मध्यप्रदेश की जानकारी ही नहीं रख पाए. सम्मेलन में संबोधन के दौरान जब उन्होंने मध्यप्रदेश में भाजपा सरकार के कार्यकाल की बात की और मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान के कामों की सराहना कर रहे थे, तभी वे यह भूल गए कि मुख्यमंत्री के रुप में शिवराजसिंह चौहान को कितना समय हो गया. उन्होंने बीच में अपना भाषण रोका और भाजपा के उपाध्यक्ष विजेश लुनावत से पूछा कि शिवराज सिंह को कितना समय हो गया मुख्यमंत्री पद पर. जब लुनावत ने जानकारी दी तो उन्होंने अपना भाषण आगे बढ़ाया.

टिप्पणी से नाराज यादवों ने फूंका बावरिया का पुतला

मध्यप्रदेश कांग्रेस में अब अंतर्कलह सड़क पर नजर आने लगी है. प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी दीपक बावरिया द्वारा  की गई एक टिप्पणी से खफा यादव समाज के लोगों आज प्रदेश कांग्रेस कार्यालय पहुंचकर बावरिया का पुतला फूंका.
प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी दीपक बावरिया ने पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण यादव समर्थकों के निष्कासन का मामला जब सुलझ गया और उन्हें वापस कांग्रेस में ले लिया गया, तभी एक टिप्पणी कर दी. बावरिया ने कहा कि यादवों को आपस में लड़ने से भगवान श्रीकृष्ण भी नहीं बचा पाए थे, आप लोग भी लड़ों, अपनी सीट भी नहीं बचा पाओगे. इस विवाद के बाद महेश्वर के यादव समर्थकों का निष्कासन कर दिया गया था. हालांकि यह निष्कासन शनिवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने समाप्त कर दिया. इसके पीछे मूल कारण यह था कि अरुण यादव की नाराजगी को प्रदेश कांग्रेस चुनाव के मद्देनजर गंभीरता से ले रही थी. साथ ही निष्कासन समाप्ती के लिए पहल भी अरुण यादव ने ही की थी. इस मामले को लेकर आज फिर यादव समाज नाराज हो गया. यादव समाज के लोगों ने प्रदेश कांग्रेस कार्यालय पहुंचकर बावरिया का पुतला जलाया और उनके खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.  उल्लेखनीय है कि इसके पूर्व भी बावरिया अपने बयानों को लेकर विवादों मेंं रहे हें. बावरिया द्वारा 60 साल से ज्यादा की उम्र वालों को चुनाव न लड़ने की बात कहना और फिर चुनाव लड़ने के लिए दावेदारों से आवेदन कराते हुए 50 हजार रुपए लिए जाने के मामले को लेकर भी वे विवादों में रहे हैं. हालांकि बाद में उन्होंने इस मामले को सुलझा लिया था.

लक्ष्य से न भटकें विद्यार्थी: शिवराज सिंह चौहान


 मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज सुबह रतलाम जिले के बाजना में छू लो आसमां करियर   काउंसिल कार्यक्रम में विद्यार्थियों से संवाद किया. इस अवसर पर 12वीं कक्षा उत्तीर्ण विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री से प्रश्न पूछे. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे कभी भी लक्ष्य से न भटकें.
विद्यार्थियों ने पूछा कि हमें 12वीं के बाद कौन सी पढ़ाई करनी चाहिए कौन सी नहीं करनी चाहिए ऐसी कौन सी पढ़ाई करनी चाहिए जिससे हम को रोजगार मिल सके बेरोजगारी का सामना ना करना पड़े. इस पर मुख्यमंत्री  ने कहा कि हमें 12वीं के बाद कौन सा विषय लेना है इसको बड़े ही सोच समझकर तय करना है इसके लिए हमने स्पेशल करियर काउंसलिंग की व्यवस्था की है जिसमें ऐसे बच्चे जो 12 वीं के बाद कौन सा विषय लेना है कौन सा नहीं लेना है यह निर्धारित नहीं कर पाते हैं अब ऐसे बच्चों को अपना विषय चुनने में मदद की जाएगी. 
विद्यार्थियों ने इस अवसर पर इंजीनियरिंग, कला संकाय, कामर्स, विज्ञान के अध्ययन, आईआईटी, आईआईएम में जाने के लिए कोचिंग की व्यवस्था परीक्षा तैयारी कैसे करें किस तरह से भारतीय सेना में प्रवेश करें. अगर कोई गरीब विद्यार्थी हैं तो उसके लिए सिविल सर्विस की तैयारी के लिए फीस की क्या व्यवस्था होगी कोचिंग कहां पर मिल सकती है अगर कोई विद्यार्थी शहर में रह रहा है गरीब परिवार से हैं पढ़ाई कर रहा है तो उसके लिए रहने की क्या व्यवस्था हो सकेगी आदि प्रश्न पूछे.
   मुख्यमंत्री ने कहा कि कोचिंग के लिए प्रोग्राम बनाया जाएगा. हम एक ऐसी व्यवस्था करेंगे कि इसमें प्रदेश के अंदर एक ऐसा कालेज खोला जाएगा जो कि सेना की भर्ती के संबंध में प्रशिक्षण देगा. गरीब परिवारों मध्यम वर्गीय परिवारों को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार प्रदेश में मुख्यमंत्री मेधावी प्रोत्साहन योजना लेकर आई जिसमें बारहवीं के बाद कोई भी विद्यार्थी हो अगर उसके 70 प्रतिशत से अधिक है तो वह किसी भी संस्थान में प्रवेश लें उसकी सारी फीस प्रदेश सरकार भरेगी वह चाहे विज्ञान, कला एवं कॉमर्स या इंजीनियरिंग कोई भी संस्थान हो सकता है. उन्होंने कहा कि इंजीनियरिंग के क्षेत्र में जेई की परीक्षा में डेढ़ लाख तक की मेरिट वाले की फीस प्रदेश सरकार भरेगी. इस अवसर पर उन्होंने सभी विद्यार्थियों को उत्साह बढ़ाने के लिए एवं जीवन में निराशा को दूर करते हुए उत्साह का संचार करने के लिए कहा कि हम सभी को भगवान ने बुद्धि एक समान प्रदान की है उसका कोई अधिक उपयोग करता है तो कोई कम करता है जो भी करता है वह सबसे आगे निकल जाता है, जो कम करता है वह पीछे रह जाता है अर्थात व्यक्ति जैसा सोचता है वैसा ही बन जाता है इसलिए अच्छा सोचे बुरा ना सोचें सकारात्मक सोच सफलता को आगे बढ़ाती है जो भी सोचे एकाग्रचित होकर सोचें और हमेशा इस बात का ध्यान रखें लक्ष्य से कभी ना भटके लक्ष्य पर एकाग्रचित होकर कार्य करें.

शादी करने झांसी से भोपाल भागकर आए नाबालिग

राजधानी में रेलवे पुलिस ने शादी करने के लिए झांसी से भोपाल भागकर आए नााबालिगों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने बालक को लोक उत्थान गृह और बालिका को सुधार गृह भेज दिया है.
रेलवे पुलिस के अनुसार झांसी के रहने वाले दोनों नाबालिग शादी करना चाहते थे, उनके माता-पिता इसके लिए राजी नहीं थे. इसके बाद दोनों ने झांसी से भागकर शादी करने की योजना बनाई, इस योजना के तहत दोनों भोपाल भागकर आए, मगर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन से उतरते वक्त दोनों को रेलवे पुलिस ने पकड़ लिया. पुलिस ने जब पूछताछ की तो दोनों ने सारी बात बता दी. इसके बाद पुलिस ने उनके परिजनों को सूचना दी है. साथ ही दोनों बालक को लोक उत्थान गृह भेजा है, वहीं बालिका को बालिका सुधार गृह भेज दिया है. दोनों की काउंसलिंग कराकर पुलिस यह प्रयास करेगी कि परिजनों को सौंप दिया जाए. 
वीडियो वायरल करने की धमकी
राजधानी के निशातपुरा थाना क्षेत्र में एक युवती को अज्ञात लोगों ने मोबाइल पर वीडियो भेजा. युवती को यह धमकी दी कि अगर वह पीपुल्स माल नहीं आई तो उस वीडियो को वे वायरल कर देंगे. इसके बाद युवती घबरा गई. युवती  मैसेज के अनुसार उस स्थान पर  पहुंची, जहां पर बाइक पर तीन लोग थे. तीनों ने युवती को बदनाम करने की बात कही और 50 हजार रुपए की मांग की. बाद में युवती ने घर आकर अपनी मां को सारी बात बताई और इसके बाद थाने जाकर शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है. 
वृद्धा की मौत, कारण अज्ञात
राजधानी के नजीराबाद थाना क्षेत्र में ग्राम रिकोड़ी की रहने वाली 80 वर्षीय वृद्धा की बीती रात तबीयत खराब होने के बाद उसे परिजन अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने वृद्धा को मृत बताया. पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है. परिजनों से की पूछताछ में उन्होंने बताया कि वृद्धा की तबीयत खराब होने के बाद उन्हें यहां लेकर आए थे. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरु कर दी है. वहीं इस बात का खुलासा नहीं हुआ कि वृद्धा की मौत किन कारणों से हुई. पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने का इंतजार कर ही है.



ब्राह्मण समाज ने बसपा नेता का जलाया पुतला

 अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज मध्यप्रदेश के तत्वावधान में बसपा  नेता जय भगवान जाटव द्वारा की टिप्पणी के विरोध में उनका पुतला जलाया. समाज द्वारा  राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश, मुख्यमंत्री उत्तरप्रदेश, राज्यपाल उत्तरप्रदेश, राज्यपाल मध्यप्रदेश, डीजीपी मध्यप्रदेश, डीजीपी उत्तरप्रदेश एवं एडिशनल डीजी मध्यप्रदेश को शिकायत ज्ञापन ईमेल द्वारा की गई थी.
 मामले में अभी तक कोई भी कार्यवाही नहीं होने के कारण ब्राह्मण समाज ने राजधानी भोपाल में बोर्ड आफिस चौराहे पर जय भगवान जाटव का पुतला दहन कर अपना आक्रोश जताया, इससे पहले समाज के कार्यकर्ताओ ने जाटव के खिलाफ नारेबाजी भी की.  प्रदेशाध्यक्ष पुष्पेन्द्र मिश्र ने कहा है कि जाटव ने ब्राह्मणों को अपशब्दों का प्रयोग करते हुए बयानबाजी ही नहीं की, बल्कि देश भर के ब्राह्मण समुदाय को अपमानित भी किया है. इसके लिए उन्हें सार्वजानिक तौर पर माफी मांगनी चाहिए. मिश्र ने जाटव के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी की मांग भी की है.
समाज के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पंडित वीरेन्द्र तिवारी ने कहा कि जाटव ने देश के हर न्यायलयों के न्यायाधीशों पर गंभीर आरोप लगाकर उन्हें अपमानित किया है. जिसकी पूरा ब्राह्मण समाज घोर निंदा करता है. प्रवक्ता पंडित शुभकरण पांडे ने बताया कि तथाकथित बसपा नेता जाटव द्वारा ब्राह्मण वर्गो को अपमानित करते हुए एक वीडियो दिखाया गया है. इसके विरुद्ध शिकायत पत्र समस्त मध्यप्रदेश के एवं भारत के विशिष्टजनों को भिजवाया गया था. उन्होने जाटव की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है. उन्होंने चेतावनी दी है कि जाटव पर जल्दी ही उत्तर प्रदेश पुलिस प्रशासन द्वारा गिरफ्तारी नहीं की गई तो अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज मध्यप्रदेश के साथ पूरे भारतवर्ष में उग्र आंदोलन करेगा. जिसकी जवाबदेही मध्यप्रदेश सरकार एवं बसपा की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती और उत्तर प्रदेश भाजपा सरकार की होगी. 

दिग्विजयसिंह ने मोदी को नर्मदा परिक्रमा का दिया चैलेंज

मध्यप्रदेश में फिटनेस चैलेंज को लेकर सियासत गर्म हो गई है. कांग्रेस  के वरिष्ठ नेता दिग्विजयसिंह द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को नर्मदा परिक्रमा करने का चैलेंज दिए जाने के बाद भाजपा ने सिंह को घेर लिया है. भाजपा के प्रवक्ता के रजनीश अग्रवाल ने सिंह के चैलेंज की निंदा की है.
वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने फिटनेस चैलेंज को लेकर आज टष्ट्वीटर पर लिखा कि आजकल फीटनेस चैलेंज की बड़ी चर्चा है. भाजपा के मंत्री एयर कंडीशन कमरों में डंड लगा रहे हें. मैं उन्हें फिटनेस चैलेंज कर रहा हूं, 3 हजार किलोमीटर की मां नर्मदा परिक्रमा करके दिखाएं. हिम्मत है, मोदी जी, राठौर जी? शिवराज जी तो हेलीकाप्टर से नर्मदा परिक्रमा कर चुके. दिग्विजय सिंह के इस चैलेंज पर भाजपा प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल ने पलटवार किया है. रजनीश ने टष्ट्वीटरके माध्यम से लिखा है कि अहंकार परिक्रमा का? आखिर आपने मां नर्मदा परिक्रमा को राजनीति का माध्यम मान लिया है. आप परिक्रमा को आध्यात्मिक बता रहे थे, पर ये शुद्ध सियासी थी. क्या किसी को ये फिटनेस चैलेंज का विषय है? आज भी 80 साल पार श्रद्धालु परिक्रमा करते हैं. आपने इसे अपनी छवि चमकाने का जरिया माना.
उल्लेखनीय है कि केन्द्रीय मंत्री राज्यवर्धनसिंह राठौड़ ने हम फिट तो इंडिया फिट हैशटैग से टष्ट्वीटर पर यह फिटनेश चैलेंज शुरु किया है. एक वीडियो में वे अपने कार्यालय में ही पुश अप करते नजर आ रहे हैं. इसके बाद मंत्रियों और कुछ राजनेताओं ने भी इस तरह के चैलेंज प्रस्तुत करना शुरु किया. सोशल मीडिया पर इस तरह के वीडियो लगातार जारी हो रहे हैं, जिसे लेकर वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजयसिंह ने आज टष्ट्ववीटर पर यह चैलेंज दिया, जिस पर कई भाजपा नेताओं ने उन्हें ट्रोल भी किया.