मंगलवार, 26 सितंबर 2023

राहुल गांधी 30 को आएंगे मध्यप्रदेश

कालापीपल में होगी सभा


भोपाल। विधानसभा चुनाव को लेकर भाजपा के बाद अब कांग्रेस के बड़े नेताओं की मैदानी सभाएं तेज हो रही है। इसके चलते अब कांग्रेस सांसद राहुल गांधी का प्रदेश दौरा तय हुआ है। वे मालवा अंचल के काला पीपल में सभा को संबोधित करेंगे। 

प्रदेश कांग्रेस द्वारा अब बड़े नेताओं खासकर पार्टी के राश्टीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़के, प्रियंका गांधी और राहुल गांधी की सभाएं कराने पर जोर दिया जा रहा है। प्रियंका गांधी का प्रदेश दौरा भी पहले तय हो चुका है। वे जन आक्रोश यात्रा के समापन अवसर पर मालवा के मोहनखेड़ा में आयोजित सभा को संबोधित करेंगी। इसके बाद अब राहुल गांधी का दौरा आज तय हुआ है। कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष संगठन राजीव सिंह ने बताया कि, राहुल गांधी 30 सितंबर को शाजापुर जिले के दौरे पर रहेंगे, जहां में कालापीपल में विशाल जनसभा को संबोधित करने वाले हैं। विधानसभा चुनाव को देखते हुए राहुल गांधी का दौरा कांग्रेस के लिए कई महीनो में बेहद खास है। क्योंकि विधानसभा चुनाव से पहले या उनका पहला दौरा है। 

गुप्ता को बनाया कांग्रेस उपाध्यक्ष 

भोपाल। चुनावी तैयारियों में जुटी कांग्रेस में संगठनात्मक नियुक्तियों का दौर जारी है। कांग्रेस ने आज उपाध्यक्ष पद पर भूपेन्द्र गुप्ता की नियुक्ति की है। कांग्रेस द्वारा जारी नियुक्ति आदेश के अनुसार प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ के निर्देशनुसार भूपेंद्र गुप्ता को कांग्रेस कमेटी में उपाध्यक्ष के पद पर मनोनीत किया जाता है। आशा है कि आप राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की भावनानुसार पार्टी संगठन की मजबूती के लिए सौंपे गए दायित्व का निर्वहन पूर्व निष्ठा से करेंगे। 


दावेदारों की दिखने लगी नाराजगी, देने लगे इस्तीफे

कार्यसमिति सदस्य और पार्शदों ने दिए इस्तीफे


भोपाल। भाजपा की दूसरी सूची जारी होते ही पार्टी में फिर नाराजगी दिखाई देने लगी है। सीधी से सांसद रीति पाठक को प्रत्याशी बनाए जाने के विरोध में प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य राजेश मिश्र ने आज इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से भी इस्तीफा दिया है। वहीं नागदा के खाचरोद विधानसभा क्षेत्र से पार्शदों ने इस्तीफे दिए हैं। 

भाजपा में विधानसभा चुनाव को लेकर जारी की दूसरी सूची के बाद एक बार फिर कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की नाराजगी नजर आ रही है। सीधी विधानसभा क्षेत्र से तीन बार के लगातार विधायक रहे केदारनाथ शुक्ला का टिकट काटते हुए भाजपा ने सीधी संसदीय क्षेत्र की सांसद रीती पाठक को टिकट दिया है, जिससे नाराज होकर प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य राजेश मिश्र आज मंगलवार को भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। राजेश खुद इस सीट से अपनी दावेदारी कर रहे थे। उन्होंने टिकट न मिलने से नाराजगी के चलते इस्तीफा दिया है। वहीं नागदा के खाचरौद से डा तेजबहादुर सिंह को प्रत्याशी बनाया गया है। इससे ओबीसी मोर्चा के कार्यकारी सदस्य लोकेन्द्र मेहता और उनके समर्थक खासे नाराज है। मेहता ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव मैदान में उतरने की घोशणा कर दी है। मेहता के अलावा यहां पर पूर्व विधायक दिलीप सिंह के समर्थक भी दिलीप सिंह को टिकट न मिलने से नाराज है। सिंह के समर्थन में करीब 17 पार्शदों ने इस्तीफा पार्टी को भेज दिया है। हालांकि अभी इनके इस्तीफे को लेकर संगठन ने कोई कदम नहीं उठाया है। 

वहीं सतना से गणेश सिंह को टिकट दिए जाने से नाराज रत्नाकर चतुर्वेदी ने एक वीडियो जारी कर कहा कि कोरोना काल में कोई मैदान में नहीं आया, उन्होंने लोगों की सेवा की। रत्नाकर चतुवेर्दी ने दुख जताते हुए कहा, ‘मेरी मेहनत का पार्टी ने मुझे ये फल दिया है, उसका तहे दिल से शुक्रिया। अगर जनता की इच्छा होगी तो मैं निर्दलीय चुनाव लड़ूंगा।

तो क्या विधायक सरपंच का लड़ेंगे चुनाव

मैहर विधानसभा सीट से विधायक नारायण त्रिपाठी का टिकट काट दिया गया है। इसे लेकर उनकी नाराजगी भी सामने आई है। त्रिपाठी ने एक वीडियो जारी कर कहा कि मैं न इस रेस में था और न ही दावेदार था, क्योंकि मैं विंध्य प्रदेश के पुर्ननिर्माण की लड़ाई लड़ रहा हूं। इसलिए विंध्य प्रदेश बनने तक यह लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने तंज सकते हुए कहा कि इतने बुजुर्ग सांसद, नेता, मंत्रियों को अगर भाजपा चुनाव लड़ा सकती है तो फिर मुरली मनोहर जोशी और लालकृष्ण आडवाणी को किनारे क्यों कर दिया गया था। अब अगर सांसद विधानसभा का चुनाव लड़ेंगे तो क्या विधायक सरपंच का चुनाव लड़ेंगे। युवा राष्ट्र की कल्पना करने वाली भारतीय जनता पार्टी ने अपने बुजुर्ग नेताओं को विधानसभा का प्रत्याशी बनाया है। 


प्रदेश के आगामी विजन पर समर्पण के साथ काम करना है : शिवराज

मुख्यमंत्री ने मंत्रियों और अधिकारियों की ली बैठक

भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विधानसभा चुनाव को लेकर लगने वाली आचार संहिता को देखते हुए आज कैबिनेट बैठक के बाद मंत्रियों और अधिकारियों की बैठक की। इस बैठक में उन्होंने कहा कि हमारा अचीवमेंट कम नहीं है, प्रदेश के आगामी विजन और मिशन पर समर्पण के साथ काम करना है।  

प्रदेश में नवंबर माह में विधानसभा के चुनाव होने हैं। इसे लेकर अक्टूबर में आचार संहिता लगने की संभावना है। इसे देखते हुए आज मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कैबिनेट बैठक के बाद मंत्रियों और अधिकारियों की बैठक ली। मुख्यमंत्री ने बैठक में कोविड जैसे संकट में भी पूरी लगन से काम करने पर टीम मध्यप्रदेश का आभार जताया।  पौने चार साल की उपलब्धियों पर मंत्रियों और अधिकारियों की मेहनत और तत्परता को लेकर धन्यवाद और बधाई दी। उन्होंने मंत्रियों, सीएस एवं समस्त पीएस का विशेष रूप से आभार व्य़क्त किया। मुख्यमंत्री ने पौने चार साल में शुरु की योजनाओं एवं उपलब्धियों के बारे में चर्चा की। लाड़ली बहना योजना सहित जन कल्याणकारी योजनाओं के सफलतम क्रियांवयन के लिए पूरी टीम को बधाई दी। केन्द्र सरकार की योजनाओं में मध्यप्रदेश के बेहतर प्रदर्शन पर खुशी जाहिर की। उन्होंने बेहतर वित्तीय प्रबंधन के लिए वित्त विभाग एवं पूरी टीम को बधाई दी साथ ही अन्य सभी विभागों के भी कार्यों की प्रशंसा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा अचिवमेंट कम नहीं रहा। अब हमें मध्यप्रदेश के आगामी विजन और मिशन पर समर्पण के साथ काम करना है। आचार संहिता में गरीब कल्याण और हितग्राही मूलक योजनाएं शिथिल न हों, अनवरत जारी रहे इसके लिए अधिकारियों को निर्देश दिए। 


अंचलों और आदिवासी वोट को साधने की कवायद

भाजपा ने जीत के लिए सौंपी दिग्गजों को कमान


भोपाल। भाजपा ने प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर जारी की प्रत्याशियों की दूसरी सूची में नेताओं को अपने प्रभाव वाले अंचलों को जीत की जिम्मेदारी दे दी हैं। वहीं आदिवासी वोट बैंक को साधने  के लिए केन्द्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते को विधायकी का चुनाव लड़ने मैदान में उतारा है। 

भाजपा के लिए मालवा-निमाड़, ग्वालियर-चंबल और महाकौशल अंचल में कमजोर होती पार्टी की स्थिति चिंता का कारण बनी हुई थी। इसे लेकर भाजपा ने प्रत्याशियों की दूसरी सूची में अलग-अलग अंचलों के प्रभाव वाले नेताओं को मैदान में उतारकर उन्हें अपने-अपने अंचलों में जीत की जिम्मेदारी सौंप दी है। भाजपा ने मालवा-निमाड़ की जिम्मेदारी पार्टी के महासचिव कैलाश विजयवर्गीय को सौंपी है। उन्हें इंदौर क्रमांक एक से चुनाव मैदान में उतारा है। इसी तरह केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर को पार्टी ने दिमनी से प्रत्याशी घोशित कर ग्वालियर-चंबल अंचल में बिगड़ रहे समीकरणों को साधने की कवायद की है। दोनों ही अंचलों में पार्टी द्वारा कराए गए सर्वे के अनुसार कमजोर स्थिति सामने आ रही थी। इसी तरह महाकौलश में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ के बढ़ते प्रभाव को कम करने के लिए भाजपा ने केन्द्रीय मंत्री प्रहलाद पटेल को नरसिंहपुर से और सांसद राकेश सिंह को जबलपुर पश्चिम से मैदान   में उतारकर एक तरह से महाकौशल में पार्टी की पकड़ मजबूत करने का दाव खेला है। इसके अलावा सतना के सांसद गणेश सिंह को विंध्य के सतना से और रीति पाठक को सीधी से मैदान में उतारा है। विंध्य में बिगड़ते समीकरणों को देख गणेश सिंह को यहां पर जिम्मेदारी सौंपी है। गणेश सिंह ओबीसी वर्ग का बड़ा चेहरा भी है। इस चुनाव में भाजपा इसका फायदा उठाना चाह रही है। वहीं रीति पाठक को उतारकर आदिवासी युवक के साथ हुई घटना के बाद नाराज मतदाताओं को साधने की कवायद भाजपा ने की है। 

आदिवासी मतदाता को लुभाएंगे कुलस्ते

केन्द्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते को मंडला जिले की सीट से मैदान में उतारा है। उन्हें आदिवसी वर्ग के मतदाताओं को साधने की जिम्मेदारी सौंपी है। खासकर महाकौशल और विंध्य अंचल के आदिवासी मतदाताओं को साधने के लिए कुलस्ते को मैदान में उतारा गया है। कुलस्ते का इन क्षेत्रों में प्रभाव भी रहा है। वे इस अंचल में आदिवासी वर्ग का बड़ा चेहरा भी हैं। 


भाजपा को उम्मीदवार नहीं मिल रहे तो वोट देने वाले कहां से मिलेंगे

भाजपा का पलटवार, कहा सूची देख कांग्रेस नेताओं के फूल रहे हाथ-पांव


भोपाल। भाजपा द्वारा जारी की प्रत्याशियों की दूसरी सूची में 3 केन्द्रीय मंत्री सहित आधा दर्जन  सांसदों को प्रत्याशी बनाए जाने को लेकर प्रदेश में सियासत तेज हो गई है। कांग्रेस ने भाजपा पर हमले तेज कर दिए है। भाजपा के प्रत्याशियों को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने तंज कसते हुए कहा कि नाम बड़े और दर्शन छोटे। वहीं भाजपा नेता भी कांग्रेस पर पलटवार कर रहे हैं। भाजपा नेताओं ने कहा कि कांग्रेस नेताओं पर हाथ पैर फूल जाने वाला मुहावरा फिट बैठ रहा है। 

भाजपा ने सोमवार की रात को विधानसभा चुनाव के लिए 39 प्रत्याशियों की सूची जारी की है। इस सूची में तीन केन्द्रीय मंत्रियों सहित आधा दर्जन सांसदों को प्रत्याशी बनाया गया है। भाजपा की सूची जारी होते ही कांग्रेस प्रत्याशियों को लेकर हमलावर है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने घोशित किए प्रत्याशियों को लेकर कहा कि भाजपा की दूसरी सूची पर एक ही बात फिट है कि नाम बड़े और दर्शन छोटे। भाजपा ने प्रदेश में अपने सांसदों को विधानसभा की टिकट देकर साबित कर दिया है कि भाजपा न तो 2023 के विधानसभा चुनाव में जीत रही है, न 2024 के लोकसभा चुनाव में। इसका सीधा अर्थ ये हुआ कि वो ये मान चुकी है कि एक पार्टी के रूप में तो वो इतना बदनाम हो चुकी है कि चुनाव नहीं जीत रही है, तो फिर क्यों न तथाकथित बड़े नामों पर ही दांव लगाकर देखा जाए। उन्होंने कहा कि अपने को सबसे बड़ी पार्टी कहने वाली भाजपा को भाजपा को आज ये दिन देखने पड़ रहे हैं कि उसको लड़वाने के लिए उम्मीदवार ही नहीं मिल रहे हैं, तो फिर वोट देने वाले कहाँ से मिलेंगे। भाजपा आत्मविश्वास की कमी के संकटकाल से जूझ रही है।

हम तो डूबेंगे, तुम्हें भी ले डूबेंगे सनम

प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि 18 सालों में मध्यप्रदेश को भाजपा की सरकार ने बर्बादी की कगार पर पहुँचा दिया। ये बात प्रदेश की जनता के साथ साथ भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व भी जान रहा है। इसीलिए 15 दिन पहले अमित शाह और कल सोमवार को मोदी जी ने शिवराज जी के नाम और काम से किनारा कर लिया। ये बात शिवराज सिंह को मन ही मन बहुत सालती थी। दूसरी ओर सिंधिया भी अपनी लोकसभा की हार तथा अपने क्षेत्र में लगातार  स्थानीय निकायों की हार से भी हताश थे। बस दोनों नेताओं ने अपने सभी प्रतिद्वंदियों को ठिकाने लगाने का मन बनाया। केंद्रीय नेतृत्त्व को शिवराज और महाराज ने बताया कि मध्यप्रदेश में जीर्णशीर्ण हो चुकी सत्ता की डूबती नाव की पतवार को अब नरेंद्र तोमर, प्रहलाद पटेल, फग्गनसिंह कुलस्ते ,कैलाश विजयवर्गीय और राकेश सिंह की ज़रूरत है। मगर असल में शिवराज और महाराज की मंशा ,“हम तो डूबेंगे, तुम्हें भी ले डूबेंगे सनम“ की है, ये साफ़ है। इस बात को कैलाश विजयवर्गीय ने एक इंटरव्यू में कहा भी  कि हमको टिकिट देकर केंद्रीय नेतृत्त्व ने चौंका दिया ।

सुरजेवाला को बताया धूर्त

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने कांग्रेस के प्रभारी रणदीप सुरजेवाला को धूर्त बताया है। उन्होंने कहा कि उनकी कोई औकात नहीं है। शर्मा ने आज  भाजपा मुख्यालय में पत्रकारों से चर्चा कर रहे थे। उन्होंने सुजरेवाला के साथ-साथ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ पर भी निशाना साधा। उन्होंने भाजपा को लेकर कमलनाथ और रणदीप सुरजेवाला की ओर से की गई प्रतिक्रिया पर कहा कि आप ऐसे व्यक्ति का नाम ले रहे हैं, जो देश की जनता को रावण कहता है। सुजरेवाला की कोई औकात नहीं है, वे धूर्त हैं। मध्यप्रदेश में इनके पास कुछ नहीं है। ये चलने लायक बचे नहीं हैं। ज्योतिरादित्य सिंधिया और शिवराज सिंह चौहान के चुनाव लड़ने के सवाल पर प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा अन्य दलों से अलग ही है। हम एक पद्धति पर कार्य करते हैं। हम कैडर बेस ऑर्गनाइजेशन हैं। केन्द्रीय नेतृत्व जो फैसला करता है, हम उसे मानते हैं। 


सोमवार, 25 सितंबर 2023

बहुमत से बनाएंगे सरकार, जीतेंगे सभी लोकसभा सीटें

भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि हम प्रदेश में फिर भाजपा की सरकार बनाएंगे। विधानसभा चुनाव जीतकर लोकसभा चुनाव में सभी 29 सीटें जीतेंगे और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के गले में 29 कमलों की माला पहनाएंगे।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भाजपा कार्यकर्ता महाकुंभ को संबोधित करते हुए यह बातें कही। उन्होंने कहा कि हमने मध्यप्रदेश में कांग्रेस के बीमारू राज्य के कलंक को खत्म किया।  प्रदेश में एक करोड़ 36 लाख लोग गरीबी रेखा से बाहर आए, यह मोदी जी के कारण ही संभव हुआ। 19 महीने की कमलनाथ सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि आवास योजना और नल जल योजना शुरू नहीं की। साथ ही हमारे द्वारा चलाई गई योजनाएं बंद कर दी थी। कांग्रेस ने प्रदेश को तबाह और बर्बाद करने का पाप किया, अब प्रदेश तरक्की की राह पर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में मध्य प्रदेश नंबर वन राज्य बनेगा, भाजपा फिर दो तिहाई बहुमत से मध्य प्रदेश में सरकार बनाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2024 में 29 में से 29 लोकसभा जीतकर मोदी जी को तोहफा देंगे। हम 29 कमलों की माला पहनाएंगे।
हर कार्यकर्ता का अभिमान है मोदी
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वी डी शर्मा ने कहा कि आज मध्यप्रदेश गौरवान्वित है। दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता आज कार्यकर्ता महाकुंभ में शामिल होने भोपाल आए है। प्रधानमंत्री मोदी हर भाजपा कार्यकर्ता का अभिमान है। मध्य प्रदेश कार्यकर्ताओं की भूमि है। लाखों हितग्राहियों की भूमि है। उन्होंने कहा कि  प्रदेश के 64 हजार बूथ कार्यकर्ताओं ने आपने जो कहा था वो कर दिखाया। प्रधानमंत्री आपकी योजनाओं से मध्यप्रदेश में हर वर्ग का विकास हुआ है। विकास के लिए आपने जो काम किया है, उसके लिए हम सब आपका आभार व्यक्त करते हैं।

मालवा में हुंकार भरेंगे प्रियंका गांधी

भोपाल। प्रदेश में कांग्रेस द्वारा निकाली जा रही जन आक्रोश यात्राओं का समापन 5 सितंबर को मालवा अंचल में होगा। इस अवसर पर कांग्रेस के महासचिव प्रियंका गांधी बड़ी सभा करेंगे। उनकी यह सभा धार जिले के मोहनखेड़ा में होगी।

प्रदेश कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रभारी के के मिश्रा ने ब
ताया कि प्रदेश के सात स्थानों से जन आक्रोश यात्रा रवाना की गई थी। ’जन आक्रोश’ यात्राओं ने पिछले छह दिन में यात्रा कार्यक्रम का लगभग 40 फीसदी हिस्सा कवर कर लिया है। मिश्रा ने कहा कि इन यात्राओं के समापन पर 5 अक्टूबर को धार जिले के मोहनखेड़ा में एक रैली का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी रैली को संबोधित करेंगी।

गौरतलब है कि सत्तारूढ़ दल भाजपा ने तीन सितंबर को ’जन आशीर्वाद यात्रा’ निकाली थी, इसके जवाब में विपक्षी दल कांग्रेस ने 19 सितंबर को ’जन आक्रोश यात्रा’ शुरू की है। कांग्रेस अपने जनसंपर्क अभियान के दौरान भ्रष्टाचार, बेरोजगारी, दलितों पर अत्याचार और बढ़ती महंगाई सहित विभिन्न मुद्दों को उठा रही है। कांग्रेस की यह यात्रा कुल 15 दिनों तक चलेगी। ये यात्रा प्रदेश के सभी 230 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरते हुए लगभग 11 हजार 400 किलोमीटर की दूरी तय करने की उम्मीद है।