बुधवार, 21 सितंबर 2011

पद छोड़ने को मजबूर महिला सरपंच

सिवनी जिले की खुर्सीपार ग्राम पंचायत की निर्विरोध निर्वाचित हुई आदिवासी महिला सरपंच इन दिनों पंचायत सचिव की कार्यशैली से परेशान है़ सरपंच ने अब सचिव न हटाने पर पद छोड़ने की चेतावनी दी है़ महिला सरपंच की इस पीड़ा को देख गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान को भी इसकी शिकायत कर कार्यवाही की मांग की है़
राज्य के सिवनी जिले की लखनादौन जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत खुर्सीपार की आदिवासी महिला बिन्दो बाई दो वर्ष पूर्व निर्विरोध सरपंच निर्वाचित हुई थी़ उनके सरपंच बनने के बाद से वे पंचायत सचिव राकेश तिवारी की कार्यशैली से लगातार परेशान हैं़ महिला सरपंच का आरोप है कि सचिव पंचायत भवन में पंचायत का कार्य न करके अपने घर पर कार्य करते हैं और उन्हें केवल अंगूठा लगाने को कहते हैं़ किस कागज पर, किस काम के लिए सचिव ने अंगूठा लगवाया इसकी जानकारी भी वे उन्हें नहीं देते हैं़ महिला सरपंच द्वारा सचिव की इस कार्यशैली की शिकायत लखनादौन की विधायक शशि ठाकुर से मौखिक तौर पर पूर्व में की जा चुकी है, मगर उनके द्वारा इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया़ इसके अलावा उन्होंने इसकी शिकायत जनपद पंचायत सीईओ, कलेक्टर और मुख्यमंत्री को भी की है़ इसके बाद सचिव पर कार्यवाही न होने पर अब उन्होंने गोंडवाना गणतंत्र पार्टी की सिवनी जिला इकाई के जिला अध्यक्ष हरिश्चंद्र उइके से की है़ इस पर गोंगपा ने पंचायत सचिव की शिकायत कलेक्टर सिवनी के माध्यम से 15 सितम्बर को मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान से की है़ गोंगपा ने मांग की है कि आदिवासी महिला सरपंच जो की निर्विरोध निर्वाचित हुई उन्हें सचिव द्वारा परेशान किया जा रहा है, इस मामले को गंभीरता से लें और उसे वहां से हटा दें़
खुर्सीपार की महिला सरपंच बिन्दो बाई ने बताया कि सचिव उन्हें घर पर बुलवाकर कागजों पर केवल अंगूठा लगवाते हैं, इसके अलावा कोई जानकारी नहीं देते हैं़ सरपंच की वे पूर्व में शिकायत भी कर चुकी हैं, मगर शासन इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है़ सरपंच को स्थानीय राजनेताओं का समर्थन है जिस कारण वे मुझे परेशान करते हैं़ बिन्दो बाई का कहना है कि अगर अब भी उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया गया तो वे पद से इस्तीफा दे देंगी़ इस्तीफा देने के पीछे उनका कहना है कि अगर सचिव द्वारा कुछ गलत काम किया गया होगा तो उसका खामियाजा उन्हें उठाना पड़ेगा़ वे अनपढ़Þ हैं इस वजह से सचिव उन्हें परेशान करता रहा है़ उन्होंने कहा कि सचिव को अगर दूसरी पंचायत में पदस्थ कर दिया जाए तो उन्हें कोई आपत्ति नहीं होगी़ उन्होंने आरोप लगाया कि सचिव द्वारा पंचों के बीच फूट डालकर अपने हिसाब से काम किया जाता है, वे क्या काम कर रहे हैं इसकी जानकारी भी किसी को नहीं दी जाती है़
लखनादौन की भाजपा विधायक शशि ठाकुर का इस मामले में कहना है कि सरपंच ने तो उनसे मुलाकात नहीं की, मगर उनके पति जयकुमार जरुर उनके पास सचिव की समस्या को लेकर आए थे़ उन्होंने जो भी शिकायतें की उसे सुनने के बाद मैंने उनसे समन्वय बैठाकर काम करने की बात कही थी़ उन्होंने मुझे लिखित में कोई भी शिकायत नहीं की है़ शशि ठाकुर का कहना है कि वैसे तो सरपंच और सचिव के बीच हर पंचायत में कुछ न कुछ शिकायतें होती हैं, मैंने उन्हें आश्वस्त किया है कि मैंने दोनों पक्षों को देखकर ही कुछ कह सकती हूं़ मैं इस मामले में सचिव का पक्ष भी जानूंगी उसके बाद ही इस विषय पर कुछ कहूंगी़

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