शुक्रवार, 23 अगस्त 2019

राज्यसभा जाने वाले मठाधीश वकील चिदंबरम को नहीं दिला सके जमानत

लक्ष्मण सिंह 

मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के छोटे भाई और विधायक लक्ष्मण सिंह ने आज अपनी ही पार्टी के वकीलों पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि राज्यसभा जाने वाले ये मठाधीश वकील चिदंबरम को जमानत नहीं दिला पाए हैं.
विधायक लक्ष्मण सिंह ने आज एक ट्वीट किया और अपनी पार्टी के  उन वकीलों को निशाना बनाया जो पार्टी कोटे से राज्यसभा तो जाते हैं, मगर पूर्व वित्त मंत्री चिदंबरम को ये जमानत नहीं दिला पाए. लक्ष्मण सिंह ने ट्वीट कर कहा कि चिदंबरम निर्दोष सिद्ध हों, पार्टी की स्वच्छ छवि बने यही कामना है, परंतु दुख इस बात का है कि हमारे सभी मठाधीश अधिवक्ता, जिन्हें बार बार राज्यसभा का सदस्य बनाया, उनकी जमानत नहीं करा पाए. 
यहां उल्लेखनीय है कि लक्ष्यमण सिंह का सीधा इशारा कपिल सिब्बल, मनु सिंघवी और विवेक तन्खा की ओर हैं. ये तीनों चिदंबरम को जमानत दिलाने का प्रयास तो करते रहे, मगर सफल नहीं हुए. इनकी वकीलों की दलीलें को अस्वीकार कर कोर्ट ने चिदंबरम को रिमांड पर भेजने का फैसला सुनाया. पी चिदंबरम को 26 अगस्त तक सीबीआई की रिमांड पर भेजने का फैसला सुनाया गया है.
गड़बड़ी की तो सजा जरुर मिलेगी
पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम की गिरफ्तारी पर पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने आज इंदौर में बड़ा बयान दिया है. सुमित्रा महाजन ने कहा कि कोई कितना भी ताकतवर और किसी भी पार्टी का हो, अगर गड़बड़ी की है तो सजा जरूर मिलेगी. यही लोकतंत्र की खूबी है. उल्लेखनीय है कि आईएनएक्स  घोटाले मामले में सीबीआई ने पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम को अदालत ने  सीबीआई की हिरासत में भेज दिया है. कांग्रेस इस कार्रवाई को साजिश करार दे रही है, वहीं भाजपा इसे सही बता रही है.

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