मंगलवार, 19 मई 2020

शिवराज चला रहे सबसे बड़ी झूठ की दुकान: वर्मा

 चंबल प्रोग्रोस वे पर तेज हुई राजनीति  

मध्यप्रदेश में चंबल प्रोगेस वे पर राजनीति तेज हो गई है. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं प्रदेश के पूर्व लोक निर्माण मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने शिवराज सिंह के चंबल एक्सप्रेस वे को लेकर शिवराज सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि शिवराज सिंह चौहान सबसे बड़ी झूठ की दुकान चला रहे हैं और उनके साथ ज्योतिरादित्य सिंधिया भी इस झूठ में शामिल होकर एक और एक ग्यारह हो गए. 
वर्मा ने कहा कि शिवराज सिंह चौहान ने अपने एक बयान में कहा कि ग्वालियर चंबल एक्सप्रेस वे योजना को कांग्रेस सरकार ने ठंडे बस्ते में डाल दिया था, यह सरासर झूठ है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने ही इस योजना को प्रारंभ करने के लिए अनेकों प्रयास किए, मैंने इस योजना की स्वीकृति के लिए केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को दो बार पत्र लिखे 13 फरवरी 2019 को मैंने पत्र लिखा तथा इस योजना की स्वीकृति देने का आग्रह किया. दूसरी बार 2 जुलाई 2019 को पुन: इस संबंध में मैंने और तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ  ने नितिन गडकरी से बात की, साथ ही अन्य विभागों से तालमेल कर इस योजना को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास किए. हमारा काम बड़ी तेज गति से जारी था.
वर्मा ने कहा की शिवराज सिंह और ज्योतिरादित्य सिंधिया सारे कागज निकला ले विभाग से एक एक तारीख गवाह है. तत्कालीन मुख्य सचिव मोहंती  ने सभी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ इस संबंध में एक बड़ी बैठक 20 फरवरी को ली थी. उन्होंने कहा कि शिवराज अपनी झूठ की दुकान बंद करें तथा लोगों को गुमराह करना बंद करें.
चंबल प्रोग्रेस वे केन्द्र सरकार की योजना
 प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा ने पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा के आरोपों पर पलटवार किया है. वीडी शर्मा ने 'चंबल प्रोग्रेस वे' का श्रेय लेने की सियासत पर कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और कांग्रेस के आरोप बेबुनियाद हैं. 'चंबल प्रोग्रेस वे' केंद्र सरकार की योजना है. उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के कार्यकाल में योजना को सीमित किया गया था, इसके साथ ही उन्होंने उप चुनाव की तैयारियों पर कांग्रेस के आरोप पर कहा कि यहां उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाही कहावत साबित हो रही है, जिस समय कोरोना की चिंता करनी चाहिए थी उस समय कांग्रेस की सरकार आईफा की तैयारी कर रही थी.

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