बुधवार, 13 मई 2020

जागो शिवराज, लापरवाही बड़े संकट में डालेगी प्रदेश को


मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने दूसरे प्रदेशों से वापस आ रहे मजदूरों की स्क्रीनिंग न किए जाने और सोशल डिस्टेसिंग का पालन न होने को लेकर शिवराज सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि शिवराज सिंह जागो, यह लापवाही प्रदेश को बड़े संकट में डालेगी.
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आज एक के बाद एक ट्वीट कर शिवराज सरकार को प्रदेश लौट रहे मजदूरी की व्यथा और स्थिति बताई है. उन्होंने ट्वीट के साथ फोटो और वीडियो भी डाले हैं, जिसमें भीड़ के साथ मजदूर ट्रकों में सवार दिखाई दे रहे हैं, तो एक वीडियो में बैलगाड़ी पर एक बैल के अभाव में एक युवक को बैलगाड़ी खींचता दिखाया गया है. पूर्व मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि शिवराज सिंह  आंखे खोलो, नींद से जागो, बेबस, लाचार मजदूरों की दशा देखो , उनकी सुध लो.   वल्लभ भवन से सरकार को बाहर निकलो.  आपके सारे दावे हवा- हवाई साबित हुए है. प्र्रदेश की सीमाएं , प्रमुख मार्ग आज भी मजदूरों से भरे पड़े हुए है , उनकी कोई सुध लेने वाला नहीं है.
एक अन्य ट्वीट में उन्होंने कहा आपकी यह लापरवाही प्रदेश को एक बड़े संकट में भी डालेगी. बाहर से प्रदेश वापस आ रहे हजारों मजदूरों की स्क्रीनिंग की कोई व्यवस्था नहीं, कोई मेडिकल चेकअप नहीं, कोई सोशल डिसटेंसिंग का पालन नहीं.  इससे कोरोना संक्रमण का खतरा गांवों की और बढ़ता जा रहा है.
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि शिवराज सिंह जागो, उठो, मेरे साथ चलो, मैं लेकर चलता हूं, आपको मजदूरों की व्यथा दिखाने. समय निर्धारित करो , मैं आपको प्रदेश की सीमाएं व प्रमुख मार्ग जो मजदूरों से भरे पड़े है, दिखाने ले चलता हूं.  उन्होंने कहा कि आपके सारे दावों व व्यवस्थाओं की वास्तविकता आप खुद साथ चल कर देख लें. शायद इन बेबस, लाचार, निरीह मजदूरों को खुद आंखों से देखकर आपका मन पसीज जाए. 
विधायक की गिरफ्तारी को बताया तानाशही कदम
तराना के कांग्रेस विधायक महेश परमान और उनके साथियों की गिरफ्तारी को पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने तानाशाही कदम बताया है. उन्होंने ट्वीट कर कहा कि किसान एवं मजदूर भाइयों की समस्याओं की निरंतर अनदेखी कर रही शिवराज सरकार को जगाने के लिए पूर्व घोषित कार्यक्रम अनुसार उज्जैन से भोपाल तक शांतिपूर्ण ढंग से पदयात्रा पर निकले हमारे कांग्रेस के दो विधायक साथी महेश परमार व मनोज चावला को गिरफ्तार कर जेल भेजने का शिवराज सरकार का कृत्य लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन, तानाशाही व दमनकारी पूर्ण कदम. उन्होंने कहा कि उन्हें अविलंब रिहा किया जाए व सरकार किसानो एवं मजदूरों की समस्याओं का हल करे. गौरतलब है कि दोनों विधायक अपने साथियों के साथ तिरंगा लेकर यात्रा पर निकले तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर भैरवगढ़ जेल में डाल दिया. 

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