बुधवार, 20 मई 2020

पूर्व वित्त मंत्री को बंगला खाली कराने पहुंचा अमला

भाजपा में शामिल हुए मंत्रियों को छोड़ सभी को बंगला खाली कराने का दिया नोटिस

मध्यप्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री तरुण भानोत के बंगले को खाली कराने आज संपदा संचालनालय का अमला पहुंचा. भानोत को दो बार संचालनालय द्वारा बंगला खाली कराने को लेकर नोटिस जारी किया जा चुका था. भानोत के अलावा दूसरे पूर्व मंत्रियों को भी नोटिस दिए गए हैं, मगर सिंधिया समर्थक कमलनाथ सरकार में जो मंत्री रहे उन्हें बंगला खाली करने का नोटिस नहीं दिया गया है. भानोत  के अलावा अन्य पूर्व मंत्रियों को आज बुधवार की शाम तक बंगले खाली करने को कहा है.
सत्ता में आते ही शिवराज सरकार ने कमलनाथ सरकार में रहे मंत्रियों को बंगला खाली करने का दबाव बनाना शुरु कर दिया है. सिंधिया समर्थक पूर्व मंत्रियों को छोड़कर सभी मंत्रियों को बंगला खाली करने के नोटिस संपदा संचालनालय द्वारा दिए थे. इसके चलते आज वित्त मंत्री तरुण भानोत के बंगले पर संपदा संचालनालय के अधिकारी बंगला खाली कराने के लिए पहुंचे. तरुण भानोत का चार इमली स्थित बी-16 बंगला भाजपा ने पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष वी.डी.शर्मा को अलाट किया है. शर्मा उसमें शिफ्ट होना चाहते हैं. मगर भानोत इसे खाली नहीं कर रहे थे. आज भानोत के बंगले को संपदा संचालनालय के अधिकारियों ने खाली करा लिया. जब बंगला खाली कराया गया, उस वक्त भानोत जबलपुर में थे. वे लाक डाउन के चलते वहीं पर हैं. उन्होंने सरकार की इस कार्रवाई को बदले की भावना से की गई कार्रवाई बताया. 
गौरतलब है कि गृह विभाग ने बेदखली का नोटिस पूर्व मंत्री तरुण भानोत के अलावा सज्जन सिंह वर्मा, हुकुम सिंह कराड़ा, बृजेंद्र सिंह राठौर, ओमकार सिंह मरकाम, प्रियव्रत सिंह, सुखदेव पांसे, उमंग सिंगार, पीसी शर्मा, कमलेश्वर पटेल, लखन घनघोरिया, सचिन यादव और सुरेंद्र बघेल को जारी किया है. 
दोनों सरकारों ने नहीं दिया था सिंधिया को बंगला
ज्योतिरादित्य सिंधिया को भाजपा शासनकाल में शिवराज सरकार और फिर कांग्रेस की सरकार में कमलनाथ ने बंगला नहीं दिया था. उन्होंने भाजपा सरकार के कार्यकाल में 23 मई 2018 को भोपाल में बंगले की मांग की थी, मगर तत्कालीन शिवराज सरकार ने उन्हें बंगला नहीं दिया था. कांग्रेस की सरकार बनने पर सिंधिया ने चार इमली स्थित बी-17 बंगला मांगा था, मगर तत्कालीन कमलनाथ सरकार ने भी उन्हें बंगला नहीं दिया था. अब सिंधिया को उम्मीद है कि राज्यसभा सदस्य बनने पर उन्हें भोपाल में बंगला मिल जाएगा.

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