गुरुवार, 24 अगस्त 2023

विरोध करने वालों को संदेश, नहीं होगा कोई बदलाव

प्रत्याशियों के विरोध को लेकर संगठन भी खफा

भोपाल। भाजपा द्वारा घोषित किए 39 प्रत्याशियों में से करीब डेढ़ दर्जन प्रत्याशियों के खिलाफ उठ रहे विरोध के स्वरों को देख भाजपा संगठन ने साफ संदेश दिया है कि सूची में अब कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। साथ ही किसी प्रत्याशी का विधानसभा क्षेत्र भी नहीं बदला जाएगा। 

दरअसल मध्यप्रदेश भाजपा द्वारा आकांक्षी सीटों में से 39 विधानसभा सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा की गई। इसके बाद से इन सीटों पर अन्य दावेदारों और उनके समर्थकों द्वारा प्रत्याशियों का विरोध किया जा रहा है। इसे लेकर प्रदेश भाजपा का संगठन विरोध करने वालों से खफा नजर आ रहा है। कुछ विरोध करने वालों को भोपाल बुलाकर समझाइश भी दी गई और कहा गया कि पार्टी ने जो फैसला लिया है, उसे मानना पड़ेगा। कई स्थानों पर प्रत्याशियों को बदलने और कुछ स्थानों पर सीटों में बदलाव की मांग विरोध करने वालों द्वारा की जा रही है। मगर संगठन ने साफ संदेश दिया है कि न तो सूची में किसी तरह का बदलाव किया जाएगा और न ही किसी प्रत्याशी का विधानसभा क्षेत्र बदला जाएगा। संगठन का यह संदेश यह ताकत दिखा रहे दावेदारों के लिए है। माना जा रहा है कि संगठन के इस संदेश के बाद विरोध की आग ठंडी पड़ सकती है। बताया जा रहा है कि पार्टी सितंबर महीने में भाजपा उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी कर सकती है। इसके अलावा भाजपा इस बार चुनाव की तारीखें घोशित हो इसके पहले ही प्रत्याशी चयन की प्रक्रिया पूरी कर लेना चाहती है। 

गौरतलब है कि केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक के बाद भाजपा  ने उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। ऐसा पहली बार हुआ है, जब भाजपा ने 39 उम्मीदवारों की सूची चुनाव की तारीख से पहले जारी कर दिया है। उम्मीदवारों के नाम उन सीटों के लिए सामने आए हैं, जहां पिछली बार भाजपा हार गई थी। साथ ही कुछ ऐसे चेहरों को मौका दिया है, जिनके नाम चौंकाने वाले हैं।


कहां किसका है विरोध

सबलगढ़ में सरला वीरेन्द्र रावत, गोहद में लालसिंह आर्य, पिछोर में प्रीतम लोधी, चाचोड़ा में प्रियंका मीणा, बंडा में वीरेन्द्र सिंह लंबरदार, महाराजपुर कामाख्या प्रसाद, छतरपुर में अर्चना गुड्डू सिंह, चित्रकूट सुरेन्द्र सिंह गहरवार, डिंडौरी ओमप्रकाश धुर्वें, लांजी में राजकुमार कर्राहे, पांढुर्णा में प्रकाश उइके, भोपाल उत्तर में आलोक शर्मा, भोपाल मध्य में धु्रवनारायण सिंह, सोनकच्छ में राजेश सोनकर, झाबुआ में भानु भूरिया, कुक्षी में जयदीप पटेल, धरमपुरी में कालूसिंह ठाकुर।


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