शनिवार, 20 जनवरी 2024

बंगले मिलने के बाद भी परेशान हैं मंत्री

काश्यप, टैंटवाल ने दूसरा बंगला आवंटित करने दिया आवेदन


भोपाल। सरकार ने दर्जनभर मंत्रियों को हाल ही में बंगले तो आवंटित कर दिए हैं, मगर मुसीबत अब भी बरकरार है। पूर्व मंत्री पहले से आवंटित बंगलों को खाली नहीं कर रहे हैं। वहीं कुछ मंत्रियों को आवंटित किए गए बंगलों में वे रहना नहीं चाह रहे हैं। लिहाजा मंत्रियों ने दूसरे बंगले आवंटित करने के लिए आवेदन दे दिया है। 

राज्य सरकार ने तेरह मंत्रियों को हाल ही में बंगले आवंटित कर दिए हैं, लेकिन दिक्कतें अभी कम नहीं हुई है।. हालांकि कुछ मंत्रियों को बंगले आवंटित कर दिए गए हैं, लेकिन उन्होंने दूसरी जगह की मांग रखी है। उद्योग मंत्री चैतन्य कश्यप को वीआईपी रोड के पास काशियाना बंगला आवंटित किया गया है। उन्होंने मौजूदा बंगले की जगह 74 बांग्ला में आवास की मांग की है। काशियाना बंगला पुराने भोपाल में है और अन्य आवासों से अलग है, इसलिए कश्यप ऐसा नहीं चाहते। वहीं स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्री गौतम टेटवाल को 74 बंगला स्थित आवास संख्या सी 1 आवंटित किया गया है, लेकिन वह टाइप-सी के बजाय टाइप-बी बंगला चाहते हैं। सरकार ने टेटवाल की दूसरे बंगले की मांग को विचाराधीन रखा है। 

पूर्व मंत्री खाली नहीं करना चाहते बंगला

 जो मंत्री नहीं हैं लेकिन चुनाव जीत गए हैं वे उन बंगलों को खाली करने को तैयार नहीं हैं जो उन्हें मंत्री रहते हुए आवंटित किए गए थे। पूर्व मंत्री और वर्तमान विधायक भूपेन्द्र सिंह, ओमप्रकाश सकलेचा, बिसाहूलाल सिंह और ब्रजेन्द्र यादव के बंगले दूसरे मंत्रियों को आवंटित कर दिए गए हैं, लेकिन वे अपने बंगले खाली करने को तैयार नहीं हैं। इसी तरह गोपाल भार्गव, उषा ठाकुर, ब्रजेंद्र प्रताप सिंह, मीना सिंह, प्रभुराम चौधरी और हरदीप सिंह डंग जैसे पूर्व मंत्रियों और वर्तमान विधायकों को आवंटित बंगले नए मंत्रियों को आवंटित नहीं किए गए हैं। भार्गव ने अपना बंगला विधानसभा पूल से आवंटित कराना शुरू कर दिया है। अन्य विधायक भी अपना आवास छोड़ने को तैयार नहीं हैं। 

हारे मंत्रियों के बंगले नहीं किए किसी को आवंटित

पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा, पूर्व पंचायत और ग्रामीण विकास मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया, पूर्व सहकारिता मंत्री अरविंद सिंह भदोरिया के बंगले अभी किसी को आवंटित नहीं किए गए हैं। अभी इन्हें रिजर्व रखा गया है। तीनों मंत्री चुनाव हार चुके हैं। लिहाजा फिलहाल तो इन पूर्व मंत्रियों पर बंगले खाली करने के लिए दबाव नहीं है। मगर पूर्व मंत्री कमल पटेल का बंगला मंत्री राकेश सिंह, ओम प्रकाश सखलेचा का बंगला मंत्री प्रहलाद पटेल, पूर्व मंत्री भूपेन्द्र सिंह का बंगला मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को आंवटित किया गया है। इन्हें अभी पूर्व मंत्रियों द्वारा बंगले खाली करने का इंतजार करना होगा।  


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें