रविवार, 22 मार्च 2020

कांग्रेस में दिग्विजय के खिलाफ मुखर हुए स्वर


मध्यप्रदेश कांग्रेस पर छाया संकट और भी बढ़ चला है. कमलनाथ सरकार गिरने के बाद अब कांग्रेस के ही नेताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के खिलाफ स्वर तेज कर दिए हैं. ये नेता मुखर होकर राज्यसभा में दिग्विजय सिंह के स्थान पर प्राथमिकता क्रम में कांग्रेस के दूसरे प्रत्याशी फूल सिंह बरैया को पहले नंबर पर लाने की मांग करने लगे हैं. नेताओं ने बैठक कर एक पत्र कांग्रेस हाईकमान सोनिया गांधी को भी लिखा है.
मध्यप्रदेश में कमलनाथ सरकार गिरने के बाद गुटबाजी फिर तेज हो गई है. इस बार दिग्विजय से नाराज नेताओं ने कमलनाथ सरकार को गिराए जाने के लिए दिग्विजय सिंह को दोषी मानते हुए उनके खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. राज्य के ज्यादातर कांग्रेस नेता हाथ से सत्ता जाने से दुखी हैं. इन प्रम्ुख नेताओं में मुकेश नायक, रामनिवास रावत, सुरेश पचौरी, उमंग सिंगार, राजेंद्र सिंह सहित लगभग एक दर्जन नेता शामिल हैं. इन नेताओं ने एक बैठक भी की और राज्यसभा चुनाव में अब अलग रणनीति पर पार्टी को मैदान में उतरने को कहा. इन नेतााओं का मानना है कि  राज्य में विधानसभा की रिक्त हुई 24 सीटों पर उपचुनाव होना हैं. इनमें अजा-जजा वोट बैंक का फायदा उठाने के लिए कांग्रेस को अब अजा-जजा वर्ग को साधने का काम करना चाहिए. इसके चलते राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के दूसरे उम्मीदवार फूलसिंह बरैया के पक्ष में ये नेता खड़े हुए हैं. इन नेताओं ने पार्टी हाईकमान सोनिया गांधी को एक पत्र लिखा है. इस पत्र में मांग की कि प्रदेश में राज्यसभा चुनाव में पार्टी के प्रत्याशी फूलसिंह बरैया को प्राथमिकता क्रम में पहले नंबर पर रखकर उन्हें राज्यसभा भेजा जाए. बरैया को दलित नेता के रुप में बताते हुए कहा कि ऐसा करने से पार्टी को फायदा होगा और ग्वालियर-चंबल अंचल में जहां पर सिंधिया का प्रभाव था, उस अंचल में दलित चेहरे के रुप में फूल सिंह बरैया को आगे बढ़ाया जाए. पत्र में नेताओं ने दलील दी है कि बरैया के राज्यसभा में जाने से कांग्रेस को उपचुनाव में अजा-जजा वोट बैंक का लाभ मिलेगा.
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों के लिए चुनाव हो रहे हैं. वर्तमान विधायकों की संख्या के आधार पर एक सीट कांग्रेस और दो सीट भाजपा के खाते में जानी है. कांग्रेस ने दो उम्मीदवार दिग्विजय सिंह और फूल सिंह बरैया को मैदान में उतारा है. पहली प्राथमिकता पर दिग्विजय सिंह और दूसरी प्राथमिकता पर फूल सिंह बरैया का नाम है.

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