दूसरे दिन भी जारी रही भोपाल, इंदौर में छापे की कार्रवाई
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी और करीबियों के ठिकानों पर आयकर विभाग की कार्रवाई आज सोमवार को दूसरे दिन भी जारी रही. मुख्यमंत्री के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ के करीबी प्रतीक जोशी और अश्विन शर्मा के भोपाल स्थित घरों पर छापेमारी में अब तक 10 करोड़ रुपए से ज्यादा मिल चुके हैं. नोटों की गिनती के बाद अफसर पांच बाक्स और मशीनों के साथ बाहर निकले. हालांकि, कुल कितना कैश मिला, इसकी अधिकृत जानकारी आयकर विभाग ने नहीं दी है. अश्विन का पासपोर्ट भी आयकर विभाग ने अपने पास ले लिया है.
आयकर विभाग द्वारा मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ और अश्विन शर्मा एवं प्रदीप जोशी के यहां आज भी छापे की कार्रवाई जारी रही. अश्विन के निवास से आज आयकर विभाग की टीम ने पांच बंद बाक्स लेकर निकली. इन बाक्सों में रुपए होने की बात कही जा रही है. अश्विन के यहां बीती रात को छह नोट गिनने वाली मशीनें जाकर नोटों को आयकर विभाग की टीम ने गिना. आयकर विभाग द्वारा अधिकृत रुप से यह जानकारी नहीं दी है कि कितने रुपए बरामद हुए हैं. सूत्रों की माने तो अश्विन के निवास से अधिकारियों के नामों की एक सूची भी छापे में मिली है. इस सूची के आधार से विभाग अश्विन से पूछताछ भी करेगा. अश्विन का पासपोर्ट भी आयकर अधिकारियों ने लेकर अपने पास रख लिया है.
कक्कड़ की पत्नी और पुत्र से की पूछताछ
हमारे इंदौर संवाददाता के अनुसार मुख्यमंत्री के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ की पत्नी और बेटे को लेकर आयकर विभाग की टीम जांच के लिए दफ्तर और बैंक पहुंची. वही रात भर आयकर अधिकारियों ने कक्कड़ से पूछताछ की. बताया जा रहा है आयकर अधिकारियों ने मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड के सीए राजेन्द्र रांका के भाई प्रकाश और मोती तबेला में रहने वाले उनके परिचित मनोज जैन के यहां भी अधिकारी पहुंचे थे. कक्कड़, उनकी पत्नी और बेटे से रात तक पूछताछ जारी थी. रात में ही बंगले पर ज्वैलरी की कीमत आंकने के लिए वैल्यूअर को भी बुलाया गया. हालांकि कक्कड़ के घर से नकदी मिलने की जानकारी नहीं है, लेकिन 30 लाख की ज्वैलरी मिलने की बात सामने आ रही है. आयकर विभाग की कार्रवाई सोमवार को भी जारी रही. सुबह कक्कड़ की पत्नी को लेकर आयकर विभाग की एक टीम सत्यसाँई चौराहे स्थित आईडीबीआई बैंक पहुंची. वहीं एक अन्य टीम कक्कड़ के बेटे सलिल को बीसीएम हाइट्स स्थित थर्ड आई के आफिस में जांच करने पहुंची.
आयकर विभाग ने नहीं दी चुनाव आयोग को जानकारी
मध्यप्रदेश के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी व्ही.एल.कांताराव ने आज मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि आयकर विभाग ने छापे की कार्रवाई करने से पहले राज्य निर्वाचन आयोग को कोई जानकारी नहीं दी थी. इस संबंध में उन्होंने चुनाव आयोग से बातचीत की है. राव के इस बयान के बाद राजनीति और गर्मा गई है. कांग्रेस द्वारा पहले ही यह आरोप लगाया गया है कि चुनाव से पहले यह कार्रवाई बदले की नियत के तहत की गई है.
मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से की अपील
मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आयकर विभाग द्वारा की गई छापे की कार्रवाई को लेकर आज कार्यकर्ताओं से अपील की है. उन्होंने अपनी अपील में कार्यकर्ताओं से कहा है कि भाजपा को लोकसभा में हार दिखाई दे रही है, चुनाव में फायदा लेने के लिए इस तरह की कार्रवाई की जा रही है. मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से कहा है कि भाजपा द्वारा की गई इस कार्रवाई का करार जवाब देना है और इसके लिए मतदाता के बीच पहुंचकर उसे कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने के लिए उत्साहित करना है.
दुरुपयोग किया जा रहा है केन्द्रीय एजेंसियों का
मध्यप्रदेश के गृहमंत्री बाला बच्चन ने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी सरकार चुनावी बेला में सूबे की कमलनाथ नीत कांग्रेस सरकार के खिलाफ बदले की भावना से केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है. बच्चन ने आज मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि यह कार्रवाई केवल मध्य प्रदेश नहीं, बल्कि जिन-जिन प्रदेशों में भाजपा की सरकारें नहीं हैं, वहां मोदी सरकार द्वारा सत्तारूढ़ दलों के खिलाफ बदले की भावना से केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है. भोपाल में आयकर छापों के दौरान मध्य प्रदेश पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के बीच कल रविवार को हुई तकरार को लेकर गृह मंत्री ने कहा कि हमारा सीआरपीएफ से कोई टकराव नहीं है, लेकिन सूबे की कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी हमारे पास है. अगर किसी केंद्रीय एजेंसी के कारण सूबे की आम जनता को कोई दिक्कत होगी या कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का खतरा पैदा होगा, तो हम जरूर उचित कदम उठाएंगे.
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी और करीबियों के ठिकानों पर आयकर विभाग की कार्रवाई आज सोमवार को दूसरे दिन भी जारी रही. मुख्यमंत्री के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ के करीबी प्रतीक जोशी और अश्विन शर्मा के भोपाल स्थित घरों पर छापेमारी में अब तक 10 करोड़ रुपए से ज्यादा मिल चुके हैं. नोटों की गिनती के बाद अफसर पांच बाक्स और मशीनों के साथ बाहर निकले. हालांकि, कुल कितना कैश मिला, इसकी अधिकृत जानकारी आयकर विभाग ने नहीं दी है. अश्विन का पासपोर्ट भी आयकर विभाग ने अपने पास ले लिया है.
आयकर विभाग द्वारा मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ और अश्विन शर्मा एवं प्रदीप जोशी के यहां आज भी छापे की कार्रवाई जारी रही. अश्विन के निवास से आज आयकर विभाग की टीम ने पांच बंद बाक्स लेकर निकली. इन बाक्सों में रुपए होने की बात कही जा रही है. अश्विन के यहां बीती रात को छह नोट गिनने वाली मशीनें जाकर नोटों को आयकर विभाग की टीम ने गिना. आयकर विभाग द्वारा अधिकृत रुप से यह जानकारी नहीं दी है कि कितने रुपए बरामद हुए हैं. सूत्रों की माने तो अश्विन के निवास से अधिकारियों के नामों की एक सूची भी छापे में मिली है. इस सूची के आधार से विभाग अश्विन से पूछताछ भी करेगा. अश्विन का पासपोर्ट भी आयकर अधिकारियों ने लेकर अपने पास रख लिया है.
कक्कड़ की पत्नी और पुत्र से की पूछताछ
हमारे इंदौर संवाददाता के अनुसार मुख्यमंत्री के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ की पत्नी और बेटे को लेकर आयकर विभाग की टीम जांच के लिए दफ्तर और बैंक पहुंची. वही रात भर आयकर अधिकारियों ने कक्कड़ से पूछताछ की. बताया जा रहा है आयकर अधिकारियों ने मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड के सीए राजेन्द्र रांका के भाई प्रकाश और मोती तबेला में रहने वाले उनके परिचित मनोज जैन के यहां भी अधिकारी पहुंचे थे. कक्कड़, उनकी पत्नी और बेटे से रात तक पूछताछ जारी थी. रात में ही बंगले पर ज्वैलरी की कीमत आंकने के लिए वैल्यूअर को भी बुलाया गया. हालांकि कक्कड़ के घर से नकदी मिलने की जानकारी नहीं है, लेकिन 30 लाख की ज्वैलरी मिलने की बात सामने आ रही है. आयकर विभाग की कार्रवाई सोमवार को भी जारी रही. सुबह कक्कड़ की पत्नी को लेकर आयकर विभाग की एक टीम सत्यसाँई चौराहे स्थित आईडीबीआई बैंक पहुंची. वहीं एक अन्य टीम कक्कड़ के बेटे सलिल को बीसीएम हाइट्स स्थित थर्ड आई के आफिस में जांच करने पहुंची.
आयकर विभाग ने नहीं दी चुनाव आयोग को जानकारी
मध्यप्रदेश के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी व्ही.एल.कांताराव ने आज मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि आयकर विभाग ने छापे की कार्रवाई करने से पहले राज्य निर्वाचन आयोग को कोई जानकारी नहीं दी थी. इस संबंध में उन्होंने चुनाव आयोग से बातचीत की है. राव के इस बयान के बाद राजनीति और गर्मा गई है. कांग्रेस द्वारा पहले ही यह आरोप लगाया गया है कि चुनाव से पहले यह कार्रवाई बदले की नियत के तहत की गई है.
मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से की अपील
मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आयकर विभाग द्वारा की गई छापे की कार्रवाई को लेकर आज कार्यकर्ताओं से अपील की है. उन्होंने अपनी अपील में कार्यकर्ताओं से कहा है कि भाजपा को लोकसभा में हार दिखाई दे रही है, चुनाव में फायदा लेने के लिए इस तरह की कार्रवाई की जा रही है. मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से कहा है कि भाजपा द्वारा की गई इस कार्रवाई का करार जवाब देना है और इसके लिए मतदाता के बीच पहुंचकर उसे कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने के लिए उत्साहित करना है.
दुरुपयोग किया जा रहा है केन्द्रीय एजेंसियों का
मध्यप्रदेश के गृहमंत्री बाला बच्चन ने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी सरकार चुनावी बेला में सूबे की कमलनाथ नीत कांग्रेस सरकार के खिलाफ बदले की भावना से केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है. बच्चन ने आज मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि यह कार्रवाई केवल मध्य प्रदेश नहीं, बल्कि जिन-जिन प्रदेशों में भाजपा की सरकारें नहीं हैं, वहां मोदी सरकार द्वारा सत्तारूढ़ दलों के खिलाफ बदले की भावना से केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है. भोपाल में आयकर छापों के दौरान मध्य प्रदेश पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के बीच कल रविवार को हुई तकरार को लेकर गृह मंत्री ने कहा कि हमारा सीआरपीएफ से कोई टकराव नहीं है, लेकिन सूबे की कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी हमारे पास है. अगर किसी केंद्रीय एजेंसी के कारण सूबे की आम जनता को कोई दिक्कत होगी या कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का खतरा पैदा होगा, तो हम जरूर उचित कदम उठाएंगे.
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