मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा छिंदवाड़ा कलेक्टर को लेकर दिए विवादित बयान ने तूल पकड़ लिया है. चौहान के खिलाफ आईएएस एसोसिएशन आ गया है. एसोसिएशन ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर अपनी आपत्ति जताई और शिवराज के बयान को संज्ञान में लेने की मांग की है.
लोकसभा चुनाव के चुनावी समर में लगातार राजनीतिक दलों के नेताओं का विवादित बयान जारी है. वहीं, नेताओं के विवादित बयान पर निर्वाचन आयोग की कार्रवाई लगातार जारी है. इसी बीच मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बयान को लेकर आईएएस एसोसिएशन ने निंदा की है. साथ ही एशोसिएशन ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर शिवराज सिंह के बयान पर संज्ञान लेने की मांग की है. हालांकि शिवराज ने अपने बयान पर सफाई पेश की है.
गौरतलब है कि चौहान बुधवार को छिंदवाड़ा जिले के चौरई कस्बे में जनसभा को संबोधित करने गए थे, जहां से उनके हेलीकाप्टर को जिला प्रशासन के निर्देश पर पांच बजे से पहले रवाना कर दिया गया. इस पर चौहान ने सड़क मार्ग का सहारा लिया. जनसभा के दौरान चौहान ने प्रशासन पर मुख्यमंत्री कमलनाथ के दवाब में काम करने का आरोप लगाते हुए धमकी दी थी, बंगाल में ममता दीदी, वह नहीं उतरने दे रही थीं. ममता दीदी के बाद कमलनाथ दादा...यह आ गए. अरे भाई सत्ता के मद में ऐसे चूर मत हो. ये पिट्ठू कलेक्टर सुन ले रे, हमारे दिन भी आएंगे, तब तेरा क्या होगा.'
लोकसभा चुनाव के चुनावी समर में लगातार राजनीतिक दलों के नेताओं का विवादित बयान जारी है. वहीं, नेताओं के विवादित बयान पर निर्वाचन आयोग की कार्रवाई लगातार जारी है. इसी बीच मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बयान को लेकर आईएएस एसोसिएशन ने निंदा की है. साथ ही एशोसिएशन ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर शिवराज सिंह के बयान पर संज्ञान लेने की मांग की है. हालांकि शिवराज ने अपने बयान पर सफाई पेश की है.
गौरतलब है कि चौहान बुधवार को छिंदवाड़ा जिले के चौरई कस्बे में जनसभा को संबोधित करने गए थे, जहां से उनके हेलीकाप्टर को जिला प्रशासन के निर्देश पर पांच बजे से पहले रवाना कर दिया गया. इस पर चौहान ने सड़क मार्ग का सहारा लिया. जनसभा के दौरान चौहान ने प्रशासन पर मुख्यमंत्री कमलनाथ के दवाब में काम करने का आरोप लगाते हुए धमकी दी थी, बंगाल में ममता दीदी, वह नहीं उतरने दे रही थीं. ममता दीदी के बाद कमलनाथ दादा...यह आ गए. अरे भाई सत्ता के मद में ऐसे चूर मत हो. ये पिट्ठू कलेक्टर सुन ले रे, हमारे दिन भी आएंगे, तब तेरा क्या होगा.'

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