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| नरेंद्र सलूजा |
मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा ने बताया कि छिंदवाड़ा के सौसर में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को लेकर मुद्दाविहीन भाजपा के तमाम नेता झूठ परोसने में लग गए हैं और झूठ परोसकर प्रदेश की जनता को गुमराह व भ्रमित कर माहौल खराब करने में लग गए हैं, जबकि सच्चाई इसके विपरीत है.
सलूजा ने बताया कि सौंसर में कुछ लोगों ने मध्यरात्रि को बाजार में एक स्थान पर छत्रपति महाराजा शिवाजी की प्रतिमा बगैर अनुमति के स्थापित कर दी, जिसको लेकर विरोधाभास व अनुमति का मामला सामने आने पर सर्वसम्मति से , जिन लोगों ने यह प्रतिमा लगाई थी ,उनकी मौजूदगी में यह निर्णय हुआ कि इस प्रतिमा को ससम्मान हटाकर , दोबारा विधिवत उसकी अनुमति लेकर ठीक ढंग से इस प्रतिमा का निर्माण कर , यह प्रतिमा स्थापित की जाएगी.इसके बाद विधिवत तरीके से, सर्वसम्मति से उन लोगों की मौजूदगी में ही प्रतिमा को हटाने का काम प्रारंभ हुआ. चूंकि इस प्रतिमा को चबूतरे के ऊपर वेल्डिंग कर लगाया गया था, इसलिए इसको हटाने के लिए मशीन का सहारा लेना पड़ा. हटाने के बाद ससम्मान इस प्रतिमा को नगरपालिका कार्यालय में रखा गया. उसके बाद क्षेत्र में एक सर्वदलीय बैठक में सभी की मौजूदगी में यह तय हुआ कि खुद नगरपालिका अपने खर्च से विधिवत अनुमति लेकर, अच्छी आकर्षक छत्रपति शिवाजी की प्रतिमा स्थापित करेगी और इसी पर सभी की सहमति भी बनी. सलूजा ने कहा कि इस मामले को लेकर ना कोई क्षेत्र में तनाव है और इस विषय पर ना कोई विरोधाभास है, लेकिन भाजपा जानबूझकर इस मामले में झूठ बोलकर, प्रदेश की जनता को गुमराह व भ्रमित करने का काम कर माहौल बिगाड़ने में लग गई है, जबकि भाजपा द्वारा प्रचारित इस तरह का कोई मामला नहीं है, भाजपा इस मामले पर झूठ बोल रही है. सलूजा ने बताया कि वह भाजपा जो छत्रपति शिवाजी की तुलना प्रधानमंत्री मोदी से करती है और इस तरह की किताब भी प्रकाशित करवाती है, जिसका विरोधी शिवाजी महाराज के वंशजो ने भी किया था, वह आज छत्रपति शिवाजी महाराज को लेकर झूठ परोस रही है.
मुख्यमंत्री करें क्षमा याचना: शिवराज
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| शिवराज सिंह चौहान |
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने छत्रपति शिवाजी की प्रतिमा को हटाए जाने का विरोध किया है. उन्होंने ट्वीट कर लिखा है कि छत्रपति शिवाजी राष्ट्र का गौरव हैं, हमारे आराध्य हैं व देश की प्रेरणा के स्रोत हैं. उनका अपमान किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा. अगर आपत्ति थी तो उनकी प्रतिमा को सम्मानजनक तरीके से भी हटाया जा सकता था, लेकिन यह सरकार तो महापुरुषों का अपमान करने में गर्व का अनुभव करती है. उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि मुख्यमंत्री कमलनाथ क्षमा याचना करें और छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को ससम्मान स्थापित करने की तत्काल व्यवस्था करें. शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि महाराष्ट्र की शिवसेना सरकार जिसमें कांग्रेस भी शामिल है, छत्रपति शिवाजी महाराज को आदर्श मानती है. उनका ऐसा अपमान क्या वे सह पाएंगे?
प्रतिमा हटाना बेहद निंदनीय: भार्गव
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| गोपाल भार्गव |



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