बुधवार, 5 फ़रवरी 2020

नागरिकता संशोधन कानून निरस्त किए जाने की मांग का संकल्प पारित

पी.सी.शर्मा 
 कैबिनेट बैठक एनपीआर को भी रोकने की केन्द्र से की मांग

मध्यप्रदेश सरकार ने आज नागरिकता संशोधन कानून निरस्त किए जाने की मांग का संकल्प पारित कर दिया. संकल्प में कानून को लोगों के खिलाफ बताया. संकल्प में कहा गया है कि इस कानून में धर्म के आधार पर अवैध प्रवासियों ेमें विभेद के प्रावधान हैं.
राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में आज नागरिकता संशोधन कानून निरस्त किए जाने की मांग का शासकीय संकल्प पारित किया गया. जनसंपर्क मंत्री पी.सी.शर्मा ने मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए यह जानकारी दी. उन्होंने कहा कि बैठक में संकल्प लाया गया, जिसे पारित कर दिया गया. उन्होंने बताया कि नागरिकता संशोधन कानून को संकल्प में लोगों के खिलाफ बताया गया है. संकल्प के माध्यम से मध्यप्रदेश सरकार ने भारत सरकार से आग्रह किया है कि नागरिकता संशोधन अधिनियम 2019 को निरस्त किया जाए. नई सूचनाएं जिन्हें राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर के तहत प्राप्त करने की कोशिश की जा रही है, उन्हें वापस लेने केन्द्र सरकार से आग्रह किया गया है. उन्होंने बताया कि संकल्प के माध्यम से केन्द्र से एनपीआर को रोकने की मांग भी की गई है. मं९ी ने बताया कि संकल्प में कहा गया है कि नागरिकता संशोधन अधिनियम 2019 जिसे दिसंबर 2019 में संसद द्वारा पारित किया गया के द्वारा धर्म के आधार पर अवैध प्रवासियों में विभेद के प्रावधान वर्णित हैं. यह संविधान पंथ निरेपक्ष आदर्शों के अनुरुप नहीं है. भारतीय संविधान के अंगीकृत करनेक े बाद यह पहला अवसर है जब धर्म के आधार पर विभेद करने का प्रावधान संबंधी कोई कानून देश में अधिनियमित किया गया है, इससे देश का पंथनिरपेक्ष स्वरुप एवं सहिष्णुता का तानाबाना खतरे में पड़ जाएगा. संकल्प में कहा गया है कि मध्यप्रदेश ेंदेशभर की तहर इस कानून के विरोध में निरंतर प्रदर्शन हो रहे हैं, जो शांतिपूर्ण रहे हैं और जिनमें समाज के सभी वर्गों के लोग शामिल हो रहे हैं. 
शर्मा ने बताया कि संकल्प में कहा गया है कि नागरिकता संशोधन कानून 2019 को निरस्त करने के साथ-साथ जनता में उपजी आशंकाओं को दूर करने के लिए ऐसी नयी सूचनाओं जिन्हें एनपीआर (राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर) 2020 में अद्यतन करने के लिए चाहा गया है को भी वापस लिया जाए. 
कैबिनेट बैठक में लिए फैसले
* सरकार के हेलीकाप्टर बेल 430 और विमान बी 200 को स्पेयर्स इंजन सहित बैचने के फैसले को मंजूरी दी गई. बेल हेलीकाप्टर 2 करोड़ शासकीय विमान को 9 करोड़ 30 लाख में बिका है.
* मंत्रियों के स्वेच्छनुदान राशि बढ़ाई गई. इसे 20 हजार से बढ़ाकर 40 हजार किया गया. 
* राज्य स्कूल शिक्षा सेवा शैक्षणिक संवर्ग सेवा शर्तें एवं भर्ती नियम 2018 में किए गए संशोधन पर अनुसमर्थन का प्रस्ताव पास किया गया.
* अनुसूचित जाति शिक्षण संवर्ग सेवा एवं भर्ती नियम 2018 में संशोधन करने का प्रस्ताव पास किया गया.
* निशक्तजनों के लिए उत्कृष्ठ कार्य करने वाली संस्थाओं की राशि बढ़ाई गई.
* हाइब्रिड नवकरणीय ऊर्जा एवं एनर्जी स्टोरेज नीति लागू करने का प्रस्ताव मंजूर किया गया.
* इंदिरा गांधी समाज सेवा पुरस्कार की राशि 1 लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपए करने का फैसला लिया गया. 
* मैप आईटी अंतर्गत स्थापित सेंटर आफ एक्सीलेंस में 16 पदों का सृजन का प्रस्ताव मंजूररी दी गई, जिसमें 12 पद संविदा के तहत भरे जाएंगे. 4 पद प्रति नियुक्ति से भरे जाएंगे.
* अनुसूचित जनजाति ऋण विमुक्ति अध्यादेश- 2020 प्रख्यापित किए जाने का प्रस्ताव मंजूर किया गया.  15 अगस्त 2019 तक कोई भी अनुसूचित जाति वर्ग के व्यक्ति द्वारा लिया गया कर्ज पूरा माफ किया जाएगा.

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