![]() |
| अशोक अर्गल |
भारतीय जनता पार्टी से टिकट न मिलने से नाराज पांच बार के सांसद अशोक अर्गल कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं. वे टिकट न मिलने से नाराज है और कांग्रेस के पूर्व विधायक रामनिवास रावत के माध्यम से सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के संपर्क में हैं. मुख्यमंत्री कमलनाथ की हरी झंडी होते ही वे कांग्रेस का हाथ थाम सकते हैं.
भाजपा द्वारा भिंड संसदीय क्षेत्र से वर्तमान विधायक डा. भागीरथ प्रसाद का टिकट काटकर भाजपा ने संध्या राय को उम्मीदवार बनाया है. यहां से भाजपा के पूर्व सांसद अशोक अर्गल टिकट की दावेदारी कर रहे थे, मगर पार्टी द्वारा उन्हें मौका नहीं दिया गया. अर्गल मुरैना से सांसद रह चुके हैं. वे पांच बार सांसद चुने गए हैं. परिसीमन में मुरैना सीट सामान्य होने के बाद वे भिंड से 2009 में वे सांसद रहे हैं. इसके पूर्व वे मुरैना से लगातार चार बार सांसद रहे हैं. वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में एनवक्त पर भाजपा ने कांग्रेस प्रत्याशी डा. भागीरथ प्रसाद को तोड़कर भाजपा में शामिल किया और उन्हें टिकट दिया था. इस बार वर्तमान सांसद का टिकट भी कटा तो अर्गल यहां से दावेदार थे, मगर उन्हें टिकट नहीं दिया गया. इसके बाद से वे संगठन से नाराज चल रहे हैं.
अर्गल के कांग्रेस में शामिल होने के कयास लगाए जा रहे हैं. वे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक रामनिवास रावत के माध्यम से सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया से मुलाकात कर चुके हैं. इस संबंध में सिंधिया ने मुख्यमंत्री कमलनाथ से चर्चा की है. फिलहाल इस मामले में कमलनाथ की हरी झंडी का इंतजार है.
बरैया भी हैं कांग्रेस के संंपर्क में
भिंड को लेकर कांग्रेस भी उलझ गई है. कांग्रेस की ओर से दिग्विजय सिंह समर्थक मंत्री डा. गोविंद सिंह यहां से बहुजन संघर्ष दल के प्रदेश अध्यक्ष फूलसिंह बरैया को कांग्रेस का टिकट दिलाना चाहते हैं. वे दिल्ली में वरिष्ठ पदाधिकारियों से इसे लेकर संपर्क कर चुके हैं. अब अर्गल की सक्रियता से बरैया और अर्गल में से किसे कांग्रेस अपने पाले में लाकर टिकट देगी इसका फैसला कांग्रेस हाईकमान ने मुख्यमंत्री कमलनाथ पर छोड़ दिया है.

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें