चुनावी वादा पूरा न करने पर नेताओं को नोटिस भेजे जाने को लेकर पूर्व मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि सरकार को पहले नोटिस राहुल गांधी को भेजना चाहिए, जिन्होंने किसानों से कर्ज माफी का वादा किया था, मगर अब तक किसानों का कर्ज माफ नहीं हुआ है. डा. मिश्रा ने मुख्यमंत्री कमलनाथ से मांग की है कि वे राहुल गांधी को 50 हजार करोड़ रुपए का नोटिस भेजें.
राज्य के पूर्व मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा ने आज मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि रीवा नगर निगम द्वारा पूर्व मंत्री राजेन्द्र शुक्ला को 5 करोड़ रुपए की वसूली का नोटिस भेजा गया है. नगर निगम द्वारा भेजे गए नोटिस का मैं विरोध करता हूं. मिश्रा का आरोप है कि सरकार में आने के बाद कमलनाथ सरकार भाजपा विधायक राजेंद्र शुक्ल को प्रताड़ित कर रही है, जिसकी कठोर निंदा की जानी चाहिए. उन्होंने आरोप लगाया कि कमलनाथ सरकार ने जितनी घोषणाएं की हैं, वे अब तक अधूरी हैं, चाहे कर्जमाफी हो या स्कूटी देने का वादा हो.
उन्होंने कहा कि चुनावी वादा नहीं निभाने वाले नेताओं पर अगर कांग्रेस की सरकार को कार्रवाई की परंपरा की शुरुआत करनी है तो वह पहले राहुल गांधी को नोटिस भेजे. उन्होंने मुख्यमंत्री कमलनाथ से मांग की है कि राहुल गांधी को 50 हजार करोड़ रुपए का नोटिस भेजा जाए. विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने किसानों को 10 दिन में कर्जमाफ करने का आश्वासन दिया था, जो पूरा नहीं हुआ.
उल्लेखनीय है कि नगर निगम रीवा के आयुक्त सभाजीत यादव ने पूर्व मंत्री राजेन्द्र शुक्ला को करीब पांच करोड़ रुपए की वसूली का नोटिस थमाया है. नोटिस के अनुसार पूर्व मंत्री ने विस्थापितों को आश्वासन दिया था. नोटिस में बताया गया है कि राजेंद्र शुक्ला ने विधानसभा चुनाव के वक्त रानी तालाब और चूना भट्टा के विस्थापितों को आवास, जबकि गंदी बस्ती विकास कार्यक्रम योजना के तहत रतहरा में आवास देने का वादा किया था.

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें