प्रदेश कांग्रेस के मीडिया विभाग के उपाध्यक्ष भूपेन्द्र गुप्ता ने मंदसौर में शिवराजसिंह चैहान के धरने में दाल-बाटी प्रोग्राम करने, ढ़ोल-मजीरे बजाए जाने और उसे इवेंट बनाए जाने को लेकर आपत्ति दर्ज कराई है. ऐसा प्रतीत होता है कि जैसे शिवराज सिंह किसानों के ऊपर मुसीबत आने की प्रतीक्षा कर रहे थे.
गुप्ता ने उनके द्वारा बिजली के बिल जलाए जाने का किसानों से किए आव्हान को घिनौनी राजनीति बताते हुए स्मरण दिलाया है कि जब उनकी खुद की सरकार थी, तब ही किसानों के बिजली के लाखों रूपयों के बिल आते थे तथा शिवराज सिंह इसी तरह के बयान देते थे, किंतु तत्कालीन मुख्यमंत्री होते हुए भी वे बिजली के बिलों को सुधरवा नहीं पाये थे.
गुप्ता ने आश्चर्य व्यक्त किया कि शिवराज सिंह ने विदिशा में कथित लीलाबाई के मकान में बिजली कनेक्शन का सब-मीटर लेकर एक लाख से अधिक का बिजली का बिल नहीं पटाया था? जब यह खबर मीडिया में आयी तब ताबड़तोड़ बिल जमा करवा लिया गया. तब वे किस हैसियत से जनता को बिजली का बिल जलाने के लिए उकसा रहे हैं. उल्टा चोर-कोतवाल को धमका रहे है तथा शासन प्रणाली के वैधानिक ढांचे को तोड़ने की अवैधानिक कोशिश कर रहे हैं.

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