संघ हुआ सक्रिय, भाजपा से मांगी रिपोर्ट
हनी ट्रैप मामले की आरोपी आरती दयाल को पुलिस आज इंदौर से भोपाल पूछताछ के लिए लाने वाली थी, तभी वह थाने में बेहोश हो गई. इसके बाद उसे पुलिस ने एमवाय अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी जांच की गई. बाद में पुलिस मोनिका को लेकर भोपाल आई. वहीं भाजपा और संघ के लोगों के नाम आने पर संघ भी अब सक्रिय हो गया है. इस मामले में संघ ने भाजपा से पूरी रिपोर्ट मांगी है.
हनी ट्रैप मामले में आरोपी आरती दयाल और मोनिका यादव को पुलिस ने रविवार को 27 सितंबर तक रिमांड पर लेकर भोपाल, छतरपुर और राजगढ़ ले जाकर पूछताछ करने की योजना बनाई है. इसके तहत दोनों को आज पुलिस भोपाल लाने की तैयारी कर रही थी, तभी थाने में आरती दयाल बेहोश होकर गिर गई. इसके बाद पुलिस ने आनन-फानन में उसे एमवाय अस्पताल में भर्ती कराया और चिकित्कीय परिक्षण किया गया. इसके बाद पुलिस मोनिका यादव को लेकर भोपाल आई है. इंदौर पुलिस मोनिका के साथ यहां पर पूछताछ के बाद उसे लेकर राजगढ़ जाएगी. मोनिका वहीं की रहने वाली है.
संघ हुआ सक्रिय, मांगी रिपोर्ट
हनी ट्रैप मामले में भाजपा के कुछ नेताओं के अलावा संघ के दो पूर्व संगठन मंत्रियों के नाम भी सामने आए हैं, जिसके बाद संघ सक्रिय हो गया है. संघ ने भाजपा से इस पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी है. भाजपा में संगठन महामंत्री और संगठन मंत्री संघ की पृष्ठभूमि से आते हैं. श्वेता जैन मामले में कुछ भाजपा नेताओं के साथ एक पूर्व संगठन महामंत्री और एक संगठन महामंत्री का नाम सामने आ रहा है. आरोप यह लग रहे हैंं कि उस समय एक संगठन महामंत्री ने भाजपा की राजनीति में श्वेता को आगे बढ़ाने में काफी मदद की थी, बुंदेलखंड खेत्र में पदस्थ रहे एक संगठन मंत्री का नाम भी इससे जोड़ा जा रहा है. श्वेता के इन दोनों नेताओं से मधुर संबंध होना बताए जा रहे हैं. इस मामले को लेकर अब संघ सक्रिय हो गया है.
नहीं आई केस डायरी, जमानत पर सुनवाई आज
हनी ट्रैप की आरोपी श्वेता स्वप्निल जैन, श्वेता विजय जैन और बरखा सोनी की जमानत को लेकर आज सोमवार को इंदौर के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी मनीष भट्ट की अदालत में सुनवाई होनी थी, मगर केस डायरी नहीं पहुंचने के चलते यह सुनवाई कल मंगलवार तक के लिए टाल दी. पुलिस ने कोर्ट में दलील दी कि इस मामले में दो आरोपी आरती दयाल और मोनिका यादव की पुलिस रिमांड लेकर पूछताछ की जा रही है, वहीं मोनिका को पूछताछ के लिए भोपाल ले जाया चुका है. लिहाजा व्यस्तता की वजह से डायरी पेश कर पाने में असमर्थ है. पुलिस की इस दलील पर कोर्ट ने सख्त हलजे में निर्देश दिए है कि मंगलवार तक कोर्ट में डायरी पेश कर दी जाए. वहीं आरोपियों के वकीलों ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने जानबुझकर डायरी पेश नहीं की है. ताकि जमानत ना हो सके पुलिस चाहती को मूल डायरी की बजाय फोटोकापी भी पेश कर सकती थी. लेकिन पुलिस मामले में देरी करना चाहती है.
सीबीआई जांच के लिए याचिका दायर
बहुचर्चित हाइप्रोफाइल हनीट्रैप मामला अब हाई कोर्ट पहुंच गया है. एक जनहित याचिका दायर कर मामले की सीबीआई जांच कराने की गुहार की गई है. याचिका दिग्विजय सिंह भंडारी की ओर से एडवोकेट मनोहर दलाल और लोकेंद्र जोशी द्वारा दायर की गई हैं. इसमे सीबीआई को जांच के आदेश देने की गुहार लगाई गई है. याचिका में मांग की गयी है कि इसमें शामिल अधिकारियों पर भी कार्रवाई की जाए. याचिका में कहा गया है कि पुलिस कतिपय प्रभाव वाले लोगों के कारण सही ढंग से जांच नहीं कर पा रही है इसलिए इसकी सीबीआई जांच कराकर असली चेहरो को सामने लाकर इनके विरुद्ध कार्रवाई की जाए.
हरभजन के निलंबन का भेजा प्रस्ताव
हनीट्रैप मामले में निगम इंजीनियर हरभजन सिंह का नाम आने के बाद निगम ने उनके निलंबन का प्रस्ताव भोपाल भेजा है. शीघ्र ही निलंबन आदेश जारी होने की बात कही जा रही है. गौरतलब है कि महापौर मालिनी गौड़ ने रविवार को नगरीय प्रशासन मंत्री जयवर्धन सिंह से फोन पर चर्चा की थी. उन्होंने हरभजन सिंह की निलंबन की बात कही थी. भोपाल से संकेत मिलने के बाद निगम ने निलंबन की फाइल भेज दी है. कहा जा रहा है कि कभी भी हरभजन सिंह के निलंबन का आदेश जारी हो सकता है. वही उनके कार्यकाल में हुए ठेकों की भी जांच शुरू हो सकती है.
हनी ट्रैप मामले की आरोपी आरती दयाल को पुलिस आज इंदौर से भोपाल पूछताछ के लिए लाने वाली थी, तभी वह थाने में बेहोश हो गई. इसके बाद उसे पुलिस ने एमवाय अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी जांच की गई. बाद में पुलिस मोनिका को लेकर भोपाल आई. वहीं भाजपा और संघ के लोगों के नाम आने पर संघ भी अब सक्रिय हो गया है. इस मामले में संघ ने भाजपा से पूरी रिपोर्ट मांगी है.
हनी ट्रैप मामले में आरोपी आरती दयाल और मोनिका यादव को पुलिस ने रविवार को 27 सितंबर तक रिमांड पर लेकर भोपाल, छतरपुर और राजगढ़ ले जाकर पूछताछ करने की योजना बनाई है. इसके तहत दोनों को आज पुलिस भोपाल लाने की तैयारी कर रही थी, तभी थाने में आरती दयाल बेहोश होकर गिर गई. इसके बाद पुलिस ने आनन-फानन में उसे एमवाय अस्पताल में भर्ती कराया और चिकित्कीय परिक्षण किया गया. इसके बाद पुलिस मोनिका यादव को लेकर भोपाल आई है. इंदौर पुलिस मोनिका के साथ यहां पर पूछताछ के बाद उसे लेकर राजगढ़ जाएगी. मोनिका वहीं की रहने वाली है.
संघ हुआ सक्रिय, मांगी रिपोर्ट
हनी ट्रैप मामले में भाजपा के कुछ नेताओं के अलावा संघ के दो पूर्व संगठन मंत्रियों के नाम भी सामने आए हैं, जिसके बाद संघ सक्रिय हो गया है. संघ ने भाजपा से इस पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी है. भाजपा में संगठन महामंत्री और संगठन मंत्री संघ की पृष्ठभूमि से आते हैं. श्वेता जैन मामले में कुछ भाजपा नेताओं के साथ एक पूर्व संगठन महामंत्री और एक संगठन महामंत्री का नाम सामने आ रहा है. आरोप यह लग रहे हैंं कि उस समय एक संगठन महामंत्री ने भाजपा की राजनीति में श्वेता को आगे बढ़ाने में काफी मदद की थी, बुंदेलखंड खेत्र में पदस्थ रहे एक संगठन मंत्री का नाम भी इससे जोड़ा जा रहा है. श्वेता के इन दोनों नेताओं से मधुर संबंध होना बताए जा रहे हैं. इस मामले को लेकर अब संघ सक्रिय हो गया है.
नहीं आई केस डायरी, जमानत पर सुनवाई आज
हनी ट्रैप की आरोपी श्वेता स्वप्निल जैन, श्वेता विजय जैन और बरखा सोनी की जमानत को लेकर आज सोमवार को इंदौर के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी मनीष भट्ट की अदालत में सुनवाई होनी थी, मगर केस डायरी नहीं पहुंचने के चलते यह सुनवाई कल मंगलवार तक के लिए टाल दी. पुलिस ने कोर्ट में दलील दी कि इस मामले में दो आरोपी आरती दयाल और मोनिका यादव की पुलिस रिमांड लेकर पूछताछ की जा रही है, वहीं मोनिका को पूछताछ के लिए भोपाल ले जाया चुका है. लिहाजा व्यस्तता की वजह से डायरी पेश कर पाने में असमर्थ है. पुलिस की इस दलील पर कोर्ट ने सख्त हलजे में निर्देश दिए है कि मंगलवार तक कोर्ट में डायरी पेश कर दी जाए. वहीं आरोपियों के वकीलों ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने जानबुझकर डायरी पेश नहीं की है. ताकि जमानत ना हो सके पुलिस चाहती को मूल डायरी की बजाय फोटोकापी भी पेश कर सकती थी. लेकिन पुलिस मामले में देरी करना चाहती है.
सीबीआई जांच के लिए याचिका दायर
बहुचर्चित हाइप्रोफाइल हनीट्रैप मामला अब हाई कोर्ट पहुंच गया है. एक जनहित याचिका दायर कर मामले की सीबीआई जांच कराने की गुहार की गई है. याचिका दिग्विजय सिंह भंडारी की ओर से एडवोकेट मनोहर दलाल और लोकेंद्र जोशी द्वारा दायर की गई हैं. इसमे सीबीआई को जांच के आदेश देने की गुहार लगाई गई है. याचिका में मांग की गयी है कि इसमें शामिल अधिकारियों पर भी कार्रवाई की जाए. याचिका में कहा गया है कि पुलिस कतिपय प्रभाव वाले लोगों के कारण सही ढंग से जांच नहीं कर पा रही है इसलिए इसकी सीबीआई जांच कराकर असली चेहरो को सामने लाकर इनके विरुद्ध कार्रवाई की जाए.
हरभजन के निलंबन का भेजा प्रस्ताव
हनीट्रैप मामले में निगम इंजीनियर हरभजन सिंह का नाम आने के बाद निगम ने उनके निलंबन का प्रस्ताव भोपाल भेजा है. शीघ्र ही निलंबन आदेश जारी होने की बात कही जा रही है. गौरतलब है कि महापौर मालिनी गौड़ ने रविवार को नगरीय प्रशासन मंत्री जयवर्धन सिंह से फोन पर चर्चा की थी. उन्होंने हरभजन सिंह की निलंबन की बात कही थी. भोपाल से संकेत मिलने के बाद निगम ने निलंबन की फाइल भेज दी है. कहा जा रहा है कि कभी भी हरभजन सिंह के निलंबन का आदेश जारी हो सकता है. वही उनके कार्यकाल में हुए ठेकों की भी जांच शुरू हो सकती है.
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