भले ही अदालत आसाराम को अपराधी मानती हो लेकिन अयोध्या राम मंदिर न्यास समिति के अध्यक्ष नृत्य गोपालदास उन्हें दोषी नहीं मानते. उनका कहना है कि आसाराम महात्मा है और उन्हें फंसाया गया है. साधू संतों की छवि खराब करने के लिए झूठे आरोप लगाए जाते रहे है.
नृत्य गोपालदास प्रवास में इंदौर आए हुए थें. उन्होंने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि आसाराम को वे दोषी नहीं मानते. उनकी नजर में वे महात्मा है. जेल जाने से कुछ नहीं होता. आज भी उनके लिए जन मानस में आस्था है. उन्होनें आसाराम को विनम्र संत बताते हुए कहा कि उन्हें साजिश के तहत फंसाया गया है. आखिर इतने आरोपों के बाद भी उनके उपर लाखों लोगों की आस्था कायम है. उनकी निंदा नहीं की जानी चाहिए. नृत्य गोपालदास जी ने कहा कि जेल तो भगवान कृष्ण की भूमि है. महात्मा तो जेल जाते रहते है. वे वहां भी प्रवचन के जारिए सुधार लाते है.
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