राजधानी भोपाल में मालवीय नगर स्थित पत्रकार भवन पर नगर निगम ने आज सुबह बुल्डोजर चला दिया. कोर्ट के आदेश के बाद सोमवार को जिला प्रशासन और नगर निगम ने मालवीय नगर इलाके स्थित पत्रकार भवन को जमींदोज कर दिया.
जिला प्रशासन और नगर निगम के अफसरों के मुताबिक पत्रकार भवन की लीज रिन्यूअल की रिव्यू पिटीशन खारिज होने के बाद सरकार ने इमारत को गिराने का निर्देश दिया था. इसके चलते यह कार्रवाई की गई. 1969 में पत्रकार भवन का निर्माण किया गया था. जनसंपर्क विभाग ने पत्रकार संघ को भवन 30 साल की लीज पर दिया था, जिसकी लीज 2015 में ही निरस्त हो गई थी, लेकिन लीज खत्म होने के बाद भी पत्रकार संघ ने भवन को खाली नहीं किया था. साथ ही भवन पर नगर निगम का 70 लाख रुपए बकाया था, जिसके बाद मामला हाईकोर्ट पहुंचा और हाईकोर्ट के आदेश के बाद बिल्डिंग को तोड़ा गया है. अब बिल्डिंग की जगह पर प्रदेश सरकार मीडिया सेंटर बनाएगी.
जिला प्रशासन और नगर निगम द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर जनसपर्क मंत्री पीसी शर्मा ने कहा कि कोर्ट ने पत्रकार समितियों की अपील खारिज कर दी थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है. उन्होंने बताया कि पत्रकार भवन जर्जर हो गया था. अब पत्रकारों के लिए सर्व सुविधायुक्त भवन बनाया जाएगा.
उल्लेखनीय है कि जिला प्रशासन के अफसरों ने शनिवार को श्रमजीवी पत्रकार संघ के दफ्तर को सील कर दिया था. इसकी वजह प्रशासन ने हाईकोर्ट में लीज को लेकर दायर की गई श्रमजीवी पत्रकार संघ की रिव्यू पिटीशन खारिज होना बताया गई थी.
जिला प्रशासन और नगर निगम के अफसरों के मुताबिक पत्रकार भवन की लीज रिन्यूअल की रिव्यू पिटीशन खारिज होने के बाद सरकार ने इमारत को गिराने का निर्देश दिया था. इसके चलते यह कार्रवाई की गई. 1969 में पत्रकार भवन का निर्माण किया गया था. जनसंपर्क विभाग ने पत्रकार संघ को भवन 30 साल की लीज पर दिया था, जिसकी लीज 2015 में ही निरस्त हो गई थी, लेकिन लीज खत्म होने के बाद भी पत्रकार संघ ने भवन को खाली नहीं किया था. साथ ही भवन पर नगर निगम का 70 लाख रुपए बकाया था, जिसके बाद मामला हाईकोर्ट पहुंचा और हाईकोर्ट के आदेश के बाद बिल्डिंग को तोड़ा गया है. अब बिल्डिंग की जगह पर प्रदेश सरकार मीडिया सेंटर बनाएगी.
जिला प्रशासन और नगर निगम द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर जनसपर्क मंत्री पीसी शर्मा ने कहा कि कोर्ट ने पत्रकार समितियों की अपील खारिज कर दी थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है. उन्होंने बताया कि पत्रकार भवन जर्जर हो गया था. अब पत्रकारों के लिए सर्व सुविधायुक्त भवन बनाया जाएगा.
उल्लेखनीय है कि जिला प्रशासन के अफसरों ने शनिवार को श्रमजीवी पत्रकार संघ के दफ्तर को सील कर दिया था. इसकी वजह प्रशासन ने हाईकोर्ट में लीज को लेकर दायर की गई श्रमजीवी पत्रकार संघ की रिव्यू पिटीशन खारिज होना बताया गई थी.

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