गुरुवार, 9 जनवरी 2020

नगर पालिक , नगर परिषद अध्यक्षों को हटाने पर भड़की भाजपा

  भाजपा के जनप्रतिनिधियों की लोकप्रियता को देख घबरा रही सरकार

मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने नगर पालिका और नगर परिषद के अध्यक्षों को हटाए जाने को लेकर नाराजगी जताई है. उन्होंने कहा कि सरकार भाजपा के जनप्रतिनिधियों की लोकप्रियता को देख घबरा रही है. नेता प्रतिपक्ष ने सरकार को चेतावनी दे डाली है कि सत्ता बनाए रखने के लिए कांग्रेस प्रदेश सरकार साजिश रच रही है, इसे लेकर भाजपा चुप नहीं बैठने वाली है.
मध्यप्रदेश में नगरीय निकाय अध्यक्षों को पद से हटाए जाने को लेकर सियासत गर्मा गई है. भाजपा ने इसे लेकर सरकार पर हमला बोलना शुरु कर दिया है. विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने इसे भाजपा जनप्रतिनिधियों के खिलाफ साजिश करार दिया है. उन्होंने कहा कि भाजपा जनप्रतिनिधि फिर से चुनाव ना लड़ सके उसकी साजिश रचने का काम कांग्रेस सरकार कर रही है. सरकार का यह कदम घोर निंदनीय है, वे इसकी भर्त्सना करते हैं. उन्होंने कहा कि सत्ता बनाएं रखने के लिए प्रदेश सरकार राजनीतिक साजिश रच रही है. भाजपा चुप बैठने वाली नही है.
नेता प्रतिपक्ष भार्गव ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी जनप्रतिनिधियों की लोकप्रियता से कांग्रेस सरकार घबराई हुई है. उसे डर है कि आने वाले नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा के स्थानीय जनप्रतिनिधियों से उसे हार का सामना करना पड़ेगा. इसीलिए वह भाजपा के नगर परिषद और पालिका अध्यक्षों को कार्यकाल के पूर्व पद से हटा रही है. राज्य शासन ने चार नगरीय निकाय के अध्यक्षों को कर्तव्य पालन में अक्षमता और विभिन्न अनियमितताओं में प्रथम दृष्टया उत्तरदायी पाए जाने पर पद से पृथक कर दिया है.
इन्हें हटाया पद से
दरअसल राज्य सरकार ने होशंगाबाद नगर पालिका अध्यक्ष सहित चार नगरीय निकायों को कार्यकाल पूरा न होने के पहले ही पद से हटा दिया है. सरकार द्वारा हटाए गए अध्यक्षों में होशंगाबाद नगर पलिका के अध्यक्ष अखिलेश खंडेलवाल, नगर परिषद भानपुरा जिला मंदसौर की अध्यक्ष  रेखा मांदलिया, नगर परिषद आरोन जिला गुना के अध्यक्ष कृष्ण सिंह रघुवंशी, नगर परिषद गुढ़ जिला रीवा के अध्यक्ष विष्णु प्रकाश मिश्रा शामिल हैं. सरकार द्वारा इन्हें हटाए जाने के आदेश में कहा गया है कि इन अध्यक्षों को कर्त्तव्य पालन में अक्षमता और विभिन्न अनियमितताओं में प्रथम दृष्टया उत्तरदायी पाए जाने पर पद से पृथक कर दिया है. भाजपा का आरोप है कि होशंगाबाद नगर पालिका का कार्यकाल 12 जनवरी, भानपुरा नगर परिषद का कार्यकाल 11 जनवरी, आरोन नगर परिषद का 9 जनवरी और गुढ़ नगर परिषद का कार्यकाल 18 जनवरी को समाप्त हो रहा है. इन्हें अगले कार्यकाल में निकाय अध्यक्ष, उपाध्यक्ष या किसी समिति के अध्यक्ष पद के लिए भी अयोग्य घोषित किया गया है.

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