शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2020

जो पैसों का रोना रोए वह किस बात का मुख्यमंत्री

 मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान ने कहा कि कांग्रेसी जनता का कर रहे बार बार अपमान

 
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान ने कहा कि मुख्यमंत्री वही होता है जो कोई भी रास्ता निकाल कर जनता को हर समस्या से बाहर निकालता है और उन्हें लाभ पहुंचाता है। जो पैसों का रोना रोते रहें, वो किस बात के मुख्यमंत्री ?  अहंकार से चूर कांग्रेसी जनता का बार-बार अपमान कर रहे हैं। कमलनाथ  कह रहे हैं कि मैं शिवराज थोड़े ही हूं, जो घर-घर जाऊंगा।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान ने आज भांडेर विधानसभा के सालोन में सभा को संबोधित करते हुए कहा कि कमलनाथ  ने किसानों के सर पर ब्याज की गठरी रख दी थी।  किसानों, चिंता मत करना, इस ब्याज की गठरी को शिवराज सिंह चैहान हटाएगा। कमलनाथ सदैव पैसों को लेकर रोना रोते रहते थे। जब हमारी सरकार बनी, तब प्रदेश में कोरोना का प्रकोप आया, लेकिन हमने जनता को सरकारी योजनाओं का भरपूर लाभ दिया। उन्होंने कहा कि सिर्फ छह माह में ही करीब 23 हजार करोड़ रुपए का लाभ जनता में बाँट दिया गया। उन्होंने कहा कि  कमलनाथ आप बहुत बड़े उद्योगपति होंगे, लेकिन याद रखना, हम भूखे-नंगे ही जनता का दर्द समझ सकते हैं। आपकी नजरों में गरीब जनता की कोई इज्जत नहीं है। क्या उन्हें जीने का हक नहीं है? अहंकार से चूर कांग्रेसी जनता का बार-बार अपमान कर रहे हैं। कमलनाथ  कह रहे हैं कि मैं शिवराज थोड़े ही हूं, जो घर-घर जाऊंगा।
उन्होंने कहा कि कमलनाथ यह दंभ और अहंकार तो रावण का नहीं रहा, तो आपका क्या बचेगा? मुख्यमंत्री वही होता है जो कोई भी रास्ता निकाल कर जनता को हर समस्या से बाहर निकालता है और उन्हें लाभ पहुंचाता है। जो पैसों का रोना रोते रहें, वो किस बात के मुख्यमंत्री? 

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