शुक्रवार, 3 अगस्त 2018

बिना लायसेंस ट्रेक्टर चलाने वालों पर होगी कार्यवाही


प्रदेश में बिना लायसेंस ट्रेक्टर चलाने वालों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही की जाएगी. जिन जिलों में ट्रेक्टर चालकों की लापरवाही से वाहन दुर्घटनाएं अधिक घटित हुई हैं और चालकों के पास लायसेंस नहीं हैं; ऐसे जिलों को चिन्हित कर बिना लायसेंस ट्रेक्टर चलाने वालों के विरुद्ध कड़ी वैधानिक कार्यवाही की जाएगी. 
यह निर्णय मुख्य सचिव बी.पी. सिंह की अध्यक्षता में गत माह हुई बैठक में लिया गया. सुप्रीम कोर्ट कमेटी आॅन रोड सेफ्टी द्वारा प्रदाय निदेर्शानुसार बैठक में प्रदेश में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं से हो रही मृत्यु के संबंध में चर्चा कर कार्य-योजना तैयार करने के लिये विचार-विमर्श हुआ.  बैठक में निर्णय लिया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी यातायात नियमों के उल्लंघनकर्ता वाहन चालकों के विरुद्ध अभियान चलाकर सख्त कार्यवाही की जाए. शहरी इलाकों की तुलना में ग्रामीण इलाकों में सड़क दुर्घटना की संख्या एवं उससे होने वाली मृतकों की संख्या में वृद्धि हुई है. बरसात के मौसम में राष्ट्रीय राजमार्ग, राजकीय राजमार्गों और अन्य मार्गों पर आवारा मवेशियों के प्रवेश पर रोकथाम के लिये आवश्यक कार्यवाही करने को भी कहा गया.
गलत दिशा एवं सड़कों पर लापरवाही एवं तेज गति से वाहन चलाने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध भी वैधानिक कार्यवाही करने का निर्णय लिया गया. माल-वाहन यानों में यात्रियों का परिवहन करने वाले चालक ओवरलोड कर वाहन चलाते हैं. यह सड़क दुर्घटना एवं उनकी मृत्यु के प्रमुख कारण बनते हैं. इनके विरुद्ध अभियान चलाकर कठोर कार्यवाही करने के निर्देश भी दिये गये हैं.
सड़क किनारे वाहन रख किया प्रदर्शन
जिला राजगढ़ में दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़कों के किनारे प्रदर्शन के लिए रखा गया है. इसके जरिए वाहन चालकों को रोड सेफ्टी के महत्व के बारे में जानकारी दी जा रही है. राजगढ़ की तर्ज पर अन्य जिलों में भी इस तरह की कार्यवाही की जा सकती है. रोड सेफ्टी से संबंधित अन्य नवाचार मूलक परियोजनाओं का क्रियान्वयन कर डिमान्स्ट्रेशन इफेक्ट से वाहन दुर्घटनाओं से होने वाली मृत्यु में कमी लाई जा सकती है.

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें