मंगलवार, 28 नवंबर 2017

गैंगरेप, महिला सुरक्षा पर घिरी सरकार

रामनिवास रावत 
विपक्ष ने की स्थगन पर चर्चा कराने की मांग
राज्य विधानसभा में आज मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के सदस्यों ने राजधानी में छात्रा के साथ हुए गैंगरेप और महिला सुरक्षा का मुद्दा उठाया और सरकार को घेरा. विपक्ष स्थगन पर चर्चा कराने की मांग पर अड़ा रहा, मगर विधानसभा अध्यक्ष डा. सीतासरन शर्मा ने सरकार से इस मुद्दे े जुड़ी जानकारी मिलने के बाद फैसला लेने की बात कही.
राज्य विधानसभा में शून्यकाल के दौरान आज कांग्रेस के रामनिवास रावत और अन्य सदस्यों ने राजधानी में बीते दिनों हुए गैंगरेप और महिला सुरक्षा का मुद्दा उठाया. रावत ने कहा कि पीएससी की छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म मामले की चर्चा कराई जाए. रावत के साथ अन्य कांग्रेस विधायकों ने भी इसी मांग को दोहराया. वहीं नेता प्रतिपक्ष अजयसिंह ने कहा कि उन्होंने इस पर स्थगन पर चर्चा कराने के लिए स्थगन दिया है. उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था बिगड़ती जा रही है, सरकार इसके लिए कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है. विपक्ष द्वारा लगातार किए गए इस मुद्दे को लेकर सरकार पर हमले पर पंचायत मंत्री गोपाल भार्गव ने कहा कि सरकार दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराध करने वालों को फांसी की सजा का कानून ला रही है. मगर विपक्ष अपनी मांग पर अड़ा रहा. इस पर विधानसभा अध्यक्ष डा. सीतासरन शर्मा ने कहा कि इस मुद्दे से जुड़ी जानकारी सरकार से मिलने के बाद ही वे कोई फैसला लेंगे. इसके बाद कहीं सदन की कार्यवाही आगे बढ़ी.
पूर्व मुख्यमंत्री गौर ने कुपोषण पर घेरा मंत्री को 
बाबूलाल गौर 
पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर ने आज कुपोषण को लेकर महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनिस को घेरा. उन्होंने ग्वालियर और ग्वालियर संभाग के जिलों में कुपोषित बच्चों की स्थिति को लेकर सवाल उठाया. गौर ने कहा कि गरीबी इस हद तक पहुंच गई कि कुपोषित बच्चों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. इसकी मूल वजह है कि माताओं को पोषित आहार नहीं मिल रहा है. वे कमजोर है और बच्चे भी कुपोषित हैं. सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए. गौर ने आंकड़े पेश करते हुए कहा कि ग्वालियर में वर्ष 2014 में 27375 , वर्ष 2015 में 30090, वर्ष 2016 में 28530 और वर्ष 2017 के शुरुआती छह माह में 27866 बच्चे कुपोषित हैं. यह स्थिति चिंताजनक है. इस पर महिला एवं बाल विकास विभाग की मंत्री अर्चना चिटनिस ने गौर के सवालों को जवाब देते हुए कहा कि आपके समय से आज स्थिति बेहतर है. आज कुपोषण को लेकर सरकार काफी कार्य कर रही है. चिटनिस के कहा कि वर्तमान में काफी सुधार हुआ है.

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