परीक्षण के लिए अस्पतालों में लगेंगे विशेष शिविर
मध्यप्रदेश शासन के जल संसाधन, जनसम्पर्क एवं संसदीय कार्य विभाग मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया जिला चिकित्सालय में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य शिविर का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया. मुख्यमंत्री स्वास्थ्य शिविर में विभिन्न बीमारियों में चयनित व्यक्तियों का सुपरस्पेशलिस्टी अस्पतालों में विशेष इलाज के लिए परीक्षण शिविर लगाया गया. जिसमें करीब एक हजार से अधिक मरीजों को चिन्हित किया. जनसम्पर्क मंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार गरीबो के कल्याण के लिए कृत संकल्पित है. बड़ी-बड़ी बीमारियों जिनमें भारी भरकम राशि लगती है उन बीमारियों का नि:शुल्क इलाज कराने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा नि:शुल्क शिविर लगाया जा रहा है. इसमें करीब एक हजार मरीजों का चिन्हांकित कर विभिन्न अस्पतालों में भिन्न-भिन्न बीमारियों का इलाज कराया जाएगा. उन्होंने कहा कि अस्पतालों में वेहतर स्वास्थ्य सुविधायें दी जारी है. किन्तु-किन्तु छोटी-छोटी लापरवाही से मरीजों को नुकसान होता है. उन्होंने मरीजों के परिजनों से अपील की कि वह बीमारी की प्रारंभिक अवस्था में ही डॉक्टरों से सम्पर्क करें. विलंब के कारण गंभीर परिस्थति बनती है जिसमें बिना कारण के अस्पताल की बदनामी होती है. उन्होंने डॉक्टरों से कहा कि मन में सेवा का भाव रखें और जो भी मरीज आए उनसे मधुरवाणी में बात और व्यवहार करें. कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. सलीम कुरैशी ने अपने उद्बोधन में कहा कि जनसम्पर्क मंत्री द्वारा दतिया में जो विकास के कार्य कराये है वह किसी साधारण व्यक्ति के वस की बात नहीं है. इस प्रकार के कार्य कोई असाधारण व्यक्ति ही करा सकता है.
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी दतिया डॉ. प्रदीप उपाध्याय ने जानकारी देते हुए बताया कि मध्यप्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना राज्य बीमारी सहायता योजना एवं राष्ट्रीय वाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में आने वाली गंभीर बीमारियों के पूर्व से चिन्हित रोगियों के उपचार एवं आपरेशन हेतु जिला चिकित्सालय दतिया में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर का आयोजन किया गया. शिविर में भोपाल से बंसल अस्पताल, चिरायु मेडीकल कॉलेज, सिधांत अस्पताल, सर्वोच्च अस्पताल एवं ग्वालियर में रत्नज्योति नेत्रालय, अग्रवाल अस्पताल उपचार हेतु उपस्थित रहें. शिविर में राज्य बीमारी के अंतर्गत कैंसर रोगी, हृदय रोगी, घुटना एवं कुले की सर्जरी, न्यूरो सर्जरी एवं किडनी (गुर्दा) संबंधी रोगियों के प्रकरण तैयार कर चिन्हित अस्पतालों में आॅपरेशन कराये जायेंगे. इसी प्रकार राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत कटे, फटे होठ, जन्मजात मुड़े पैर, जन्मजात मोतियाबिन्द, जन्मजात बैरापन एवं हृदय रोगों के उपचार किये गए.
मध्यप्रदेश शासन के जल संसाधन, जनसम्पर्क एवं संसदीय कार्य विभाग मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया जिला चिकित्सालय में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य शिविर का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया. मुख्यमंत्री स्वास्थ्य शिविर में विभिन्न बीमारियों में चयनित व्यक्तियों का सुपरस्पेशलिस्टी अस्पतालों में विशेष इलाज के लिए परीक्षण शिविर लगाया गया. जिसमें करीब एक हजार से अधिक मरीजों को चिन्हित किया. जनसम्पर्क मंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार गरीबो के कल्याण के लिए कृत संकल्पित है. बड़ी-बड़ी बीमारियों जिनमें भारी भरकम राशि लगती है उन बीमारियों का नि:शुल्क इलाज कराने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा नि:शुल्क शिविर लगाया जा रहा है. इसमें करीब एक हजार मरीजों का चिन्हांकित कर विभिन्न अस्पतालों में भिन्न-भिन्न बीमारियों का इलाज कराया जाएगा. उन्होंने कहा कि अस्पतालों में वेहतर स्वास्थ्य सुविधायें दी जारी है. किन्तु-किन्तु छोटी-छोटी लापरवाही से मरीजों को नुकसान होता है. उन्होंने मरीजों के परिजनों से अपील की कि वह बीमारी की प्रारंभिक अवस्था में ही डॉक्टरों से सम्पर्क करें. विलंब के कारण गंभीर परिस्थति बनती है जिसमें बिना कारण के अस्पताल की बदनामी होती है. उन्होंने डॉक्टरों से कहा कि मन में सेवा का भाव रखें और जो भी मरीज आए उनसे मधुरवाणी में बात और व्यवहार करें. कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. सलीम कुरैशी ने अपने उद्बोधन में कहा कि जनसम्पर्क मंत्री द्वारा दतिया में जो विकास के कार्य कराये है वह किसी साधारण व्यक्ति के वस की बात नहीं है. इस प्रकार के कार्य कोई असाधारण व्यक्ति ही करा सकता है.
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी दतिया डॉ. प्रदीप उपाध्याय ने जानकारी देते हुए बताया कि मध्यप्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना राज्य बीमारी सहायता योजना एवं राष्ट्रीय वाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में आने वाली गंभीर बीमारियों के पूर्व से चिन्हित रोगियों के उपचार एवं आपरेशन हेतु जिला चिकित्सालय दतिया में मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर का आयोजन किया गया. शिविर में भोपाल से बंसल अस्पताल, चिरायु मेडीकल कॉलेज, सिधांत अस्पताल, सर्वोच्च अस्पताल एवं ग्वालियर में रत्नज्योति नेत्रालय, अग्रवाल अस्पताल उपचार हेतु उपस्थित रहें. शिविर में राज्य बीमारी के अंतर्गत कैंसर रोगी, हृदय रोगी, घुटना एवं कुले की सर्जरी, न्यूरो सर्जरी एवं किडनी (गुर्दा) संबंधी रोगियों के प्रकरण तैयार कर चिन्हित अस्पतालों में आॅपरेशन कराये जायेंगे. इसी प्रकार राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत कटे, फटे होठ, जन्मजात मुड़े पैर, जन्मजात मोतियाबिन्द, जन्मजात बैरापन एवं हृदय रोगों के उपचार किये गए.

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