शनिवार, 10 मार्च 2018

बुजुर्गों की हिफाजत करेगी भोपाल पुलिस


बुजुर्ग दंपत्ती के मर्डर के बाद भोपाल पुलिस ने बुजुर्गो की हिफजत के लिये एक मुहिम चलाने का फैसला लिया है. यह फैसला डीआईजी भोपाल धर्मेन्द्र चैधरी ने अधिकारियों की बैठक में आज शनिवार को लिया. भोपाल पुलिस शहर के बाहरी इलाकों और मोहल्लो में रहने वाले बुजुर्गों की पहचान करेंगी जिस से की पुलिस उनकी लगातार निगरानी और हिफाजत कर सके. जानकारी के मुताबिक मीटिंग में यह भी तय किया गया की हर थानो में नगर सुरक्षा समिति और ग्राम रक्षा समितीयों को फिर से सक्रिय किया जाये इन समितीयों में नये सिरे से मेम्बर बनाये जाये इन समिती मेम्बर की मदद से क्षत्रे के सभी बुजुर्गो की पहचान कर टीआई साहेबानों के बुजुर्ग पहचान रजिस्टर में एन्ट्री की जाये. इसके बाद इन बुजुर्गों की हिफाजत के लिये उचित कदम उठायें जाये. डीआईजी ने पिछले साल के पेन्डींग अपराधों के निराकरण नही होने पर भी अपनी नारजगी जाहिर की. डीआईजी ने सभी सीएसपी को इसी महिने में इन पेन्डींग अपराधों का निराकरण करने के आदेश दिये है. साथ ही दोनो एसपी को इन अपराधों के निराकरण करने की समिक्षा करने के भी आदेश दिये है.
10 अप्रैल 2018 तक निराकरण योग्य पुराने पैंडिंगअपराध जिनकी संख्या 400 से ज्यादा है उनका निराकरण किया जावें. इसी प्रकार थानों के सक्रीय गुण्डों की लिस्ट जो बनाई गई है, उन पर 110 सीआरपीसी में बाउंड ओवर की कार्यवाही की जावेंतथा सक्रीय बदमाषों का जिला बदर व एनएसए किया जावें. शहर में सक्रीय सटोरियों जुआखेलने खिलाने वाले, नकबजन, वाहन चोर, अड़ीबाज, जेबकतरों, चैन स्नैचर की सूची जो पिछले 3 वर्षों में सक्रीय रहे है, उसकी अद्यतन बनाई जावें. इन पर प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर सतत् निगरानी रखी जावें. यह सूची 18 मार्च तक भेज दी जावे.
नगर एवं ग्राम रक्षा समिति के सक्रीय सदस्यों को परिचय पत्र दिया जाना है अतः उनके पूर्ण रूप से भरे हुए आवेदन पत्र मय फोटो के दो दिवस में एएसपी जोन-3 के कार्यालय में भेजे जावें. रात्रि गस्त सड़को पर चैकिंग एवं बीट के जो नोडल प्रमुख मार्गां पर बनाए है उन पर पुलिस की उपस्थिति चैकिंग सुनिष्चित करने के निर्देष दिए गए. 

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