
करणी सेना के पदाधिकारियों ने आज मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के गांधी भवन में हवाई फायरिंग कर अपनी ताकत दिखाई. करणी सेना द्वारा आज यहां पर आरक्षण को लेकर सम्मेलन का आयोजन किया गया था. यहां पर करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने 3 हवाई फायर किए.
सम्मेलन में आए करणी सेना का पदाधिकारियों का कहना है कि जब केंद्र सरकार गरीब सवर्णों के लिए 10 फीसदी आरक्षण लागू कर चुकी है तो मध्यप्रदेश सरकार इसे राज्य में लागू करने में देरी क्योंं कर रही है. राज्य सरकार का ये कदम सामान्य वर्ग के युवाओं के साथ अन्याय है. इसके अलावा करणी सेना ने सरकार द्वारा फिल्म पद्मावत और एट्रोसिटी एक्ट के विरोध में किए गए आंदोलन के दौरान सामान्य वर्ग के लोगों पर जो मामले दर्ज किए गए थे उन्हें भी वापस लेने की मांग की. इन तमाम मांगों को लेकर राजपूत समाज की बैठक बुलाई गई थी. प्रदेशभर में जिला मुख्यालय पर करणी सेना ने कलेक्टर को ज्ञापन भी सौंपा.
भोपाल में राजपूत समाज की सभा के बाद करणी सेना के कार्यकतार्ओं ने शक्ति प्रदर्शन करते हुए गांधी भवन में ही 3 फायर किए. इस बारे में जब करणी सेना के पदाधिकारियों ने कहा कि राजपूतों की सभा में तलवार और गोली चलना आम बात है. ऐसे में इस मामले को ज्यादा तूल नहीं दिया जाना चाहिए.
उल्लेखनीय है कि केन्द्र सरकार द्वारा आर्थिक रूप से गरीब सवर्णों के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण लागू किया, लेकिन मध्यप्रदेश सरकार ने अभी तक इस आरक्षण को लागू नहीं किया है. इस आरक्षण व्यवस्था का लागू करने की मांग को लेकर भोपाल में राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना ने सम्मेलन बुलाया था.
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