गुरुवार, 1 मार्च 2018

नर्मदा सेवा मिशन की गतिविधियों की दें जानकारी

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहां मंत्रालय में  नर्मदा सेवा मिशन की गतिविधियों को क्रियांवित कर रहे विभागों की गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की. उन्होंने विभागों को निर्देश दिये कि प्रगति के संबंध में लगातार रिपोर्ट दें. उन्होंने नर्मदा नदी के तटों से लगे जिलों के कलेक्टरों को निर्देश दिये कि वे अपने-अपने जिलों की गतिविधियों की रिपोर्ट भेजें ताकि बाधाओं का समय पर समाधान किया जा सके. मुख्यमंत्री ने कृषि विभाग की गतिविधियों की समीक्षा करते हुए कहा कि जैविक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए बनाये गये किसानों के संकुलों के काम में तेजी लाएं. उन्होंने कृषि वानिकी के अंतर्गत लगाए पौधों की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि पौधों की रक्षा के लिए निरंतर निगरानी रखने की आवश्यकता है. इस संबंध में लोगों को पूरी जानकारी मिलना चाहिए. नगरीय विकास विभाग की गतिविधयों की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कचरा पेटियों, चेंजिंग रूम, विसर्जन कुंड और मुक्ति धाम की स्थापना और सीवेज उपचार परियोजनाओं के संचालन पर पूरा ध्यान दें.  मुख्यमंत्री ने नशामुक्त प्रदेश बनाने के अभियान को निरंतर गति देने के निर्देश दिये.  उन्होंने कहा विशेष रूप से नर्मदा के किनारों के गाँवों में नशामुक्ति का अभियान तेज करने की आवश्यकता है. बैठक में बताया गया कि प्रत्येक नगरीय निकाय को दो मोबाइल शौचालय दिये गये हैं. इसके अलावा 21 सीवेज रोकथाम के लिये प्रोजेक्टस तैयार हो गये हैं. अन्य काम तेजी से चल रहे हैं। उद्यानिकी विभाग द्वारा फलदार वृक्षों का रोपण किया गया है. बायोगैस संयंत्रों की स्थापना की जा रही है. बैठक में बताया गया कि नर्मदा में प्रदूषित जल मिलाने वाली 11 उद्योगों से प्रदूषित पानी नर्मदा में मिलना बंद हो गया है. ठोस कचरे का प्रबंधन करते हुये विद्युत उत्पादन इकाईयां नर्मदा से लगे जिलों में स्थापित की जा रही हैं. विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा नर्मदा नदी का स्वास्थ्य बताने वाले संकेतक बना लिए गये हैं.  चौहान ने नर्मदा घाटी विकास विभाग, पशुपालन, कुटीर उद्योग, ग्रामोद्योग, राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, ऊर्जा, पर्यटन, पर्यावरण, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, जल संसाधन, स्कूल शिक्षा, सामाजिक न्याय विभागों की गतिविधियों की समीक्षा की.

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