आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड से असदुद्दीन ओवैसी और दूसरे सियासी लोगों को हटाने की मांग शमशुल हसन संयोजक मध्यप्रदेश पर्सनल बोर्ड लॉ ने की है. शमशुल हसन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में आज गुरुवार को आरोप लगाया कि इन सियासी लोगों के आने से आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड अपने उद्देश्यों से भटक गया है.शमशुल हसन ने आरोप लगाया है कि आल इंडिया पर्सनल ला बोर्ड में विभिन्न राजनैतिक दलों के नेता अपने राजनैतिक उद्देश्यों को पूरा करने के लिए पर्सनल लॉ बोर्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं. उन्होंने आगे कहा कि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड मुस्लिम मसाईलों के लिए उलेमा-ए-इकराम ने बनाया था. आज पर्सनल लॉ बोर्ड पर सियासी लोगों का कब्जा हो गया है,जिससे पर्सनल लॉ बोर्ड ने अपने विश्वसनीयता खो दी है. शमशुल हसन ने रविशंकर के उस कथित बयान को लेकर भी अपनी नाराजगी जाहिर की है जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर कोर्ट के बाहर राम मंदिर पर समझौता नहीं होता है तो भारत में सीरिया की तरह ही सिविल वॉर हो जाएगा. शमशुल हसन ने कहा कि रविशंकर के बयान से ऐसा लगता है कि जैसे देश में कानून नाम की कोई चीज नहीं है. उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में बावरी मस्जिद का प्रकरण प्रतिदिन सुनवाई के लिए लगा है और रविशंकर का बयान सुप्रीम कोर्ट की अवमानना में आता है. शमशुल हसन ने रविशंकर के कथित बयान के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की भी मांग की है.
गुरुवार, 8 मार्च 2018
ओबैसी को हटाने की मांग
आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड से असदुद्दीन ओवैसी और दूसरे सियासी लोगों को हटाने की मांग शमशुल हसन संयोजक मध्यप्रदेश पर्सनल बोर्ड लॉ ने की है. शमशुल हसन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में आज गुरुवार को आरोप लगाया कि इन सियासी लोगों के आने से आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड अपने उद्देश्यों से भटक गया है.शमशुल हसन ने आरोप लगाया है कि आल इंडिया पर्सनल ला बोर्ड में विभिन्न राजनैतिक दलों के नेता अपने राजनैतिक उद्देश्यों को पूरा करने के लिए पर्सनल लॉ बोर्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं. उन्होंने आगे कहा कि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड मुस्लिम मसाईलों के लिए उलेमा-ए-इकराम ने बनाया था. आज पर्सनल लॉ बोर्ड पर सियासी लोगों का कब्जा हो गया है,जिससे पर्सनल लॉ बोर्ड ने अपने विश्वसनीयता खो दी है. शमशुल हसन ने रविशंकर के उस कथित बयान को लेकर भी अपनी नाराजगी जाहिर की है जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर कोर्ट के बाहर राम मंदिर पर समझौता नहीं होता है तो भारत में सीरिया की तरह ही सिविल वॉर हो जाएगा. शमशुल हसन ने कहा कि रविशंकर के बयान से ऐसा लगता है कि जैसे देश में कानून नाम की कोई चीज नहीं है. उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में बावरी मस्जिद का प्रकरण प्रतिदिन सुनवाई के लिए लगा है और रविशंकर का बयान सुप्रीम कोर्ट की अवमानना में आता है. शमशुल हसन ने रविशंकर के कथित बयान के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की भी मांग की है.
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें