गुरुवार, 3 मई 2018

किसान बिना दाम के, नौजवान बिना काम के, जनता पूछे मोदी-शिवराज किस काम के

 विधायकों की बैठक में कमलनाथ ने दिया नारा
मध्यप्रदेश कांग्रेस की कमान संभालते ही कमलनाथ ने सक्रियता दिखानी शुरु कर दी है. उन्होंने राजधानी में विधायकों की बैठक की और नया नारा दिया. कमलनाथ ने बैठक में जो नारा दिया वह है ‘किसान बिना दाम के, नौजवान बिना काम के, जनता पूछे मोदी शिवराज किस काम के’.कमलनाथ ने इस नारे के साथ विधायकों से कहा कि वे राजधानी में न दिखाई देकर अपने क्षेत्रों में सक्रिय हों और गांव स्तर पर संगठन को मजबूत करें.
कमलनाथ ने कार्यभार ग्रहण करने के साथ मंदिरों में पूजा-अर्चना कर आशीष लिए उसके बाद बीती देर रात को उन्होंने विधायकों की बैठक राजधानी के एक होटल में बुलाई. इस बैठक में जो विधायक देरी से पहुंचे , उन्हें नसीहत भी उन्होंने दी और कहा कि वे बैठक समय पर शुरु करते हैं. बैठक में नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह भी शामिल हुए, जबकि जयवर्धनसिंह, कमलेश शाह, उमंग सिंगार सहित चार विधायक मौजूद नहीं थे. बैठक में कमलनाथ ने कांग्रेस को नया नारा दिया, जो इस तर है, ‘किसान बिना दाम के, नौजवान बिना काम के, जनता पूछे मोदी शिवराज किस काम के’. इस नारे के साथ उन्होंने विधायकों को अपने क्षेत्रों में सक्रिय होकर संगठन को गांव स्तर पर मजबूत करने को कहा. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने विधायकों से कहा कि वे सात दिन में अपने क्षेत्र की स्थानीय समस्याओं और जनता के हित में कैसा घोषणा पत्र बनाएं और सुझाव दें. उनसे संगठन की दृष्टि से भी सुझाव मांगे थे. उन्होंने कहा कि विधायक उनसे मिलने के लिए भोपाल नहीं आए, जिस क्षेत्र में वे होंगे, उसके आसपास के विधायक उनसे मिल सकते हैं. उन्होंने गांव स्तर पर अपना संगठन बनाएं. बैठक में नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने  कमलनाथ को प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष और ज्योतिरादित्य सिंधिया को प्रचार अभियान समिति का अध्यक्ष बनाने पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष राहुल गांधी के प्रति धन्यवाद प्रस्ताव रखा जो सर्वसम्मति से पारित किया गया.
 साजिश, षडयंत्र और धनबल से है हमारा मुकाबला
कमलनाथ ने राज्य और केंद्र की भाजपा सरकार पर किसानों, नौजवानों और आम जनता के हित में कार्य नहीं करने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस स्थिति में ये सरकारें किस काम की हैं. कमलनाथ ने कहा कि हमारा मुकाबला साजिश, षडयंत्र और धन-बल से है, इसलिए हमें अपने नीचे की जमीन को मजबूत बनाना है, ताकि कोई भी प्रपंच जनता को गुमराह नहीं कर सके और हमारी जीत को प्रभावित नहीं कर सके. कमलनाथ ने कहा कि हमें पड़ोस की सीटों पर भी ध्यान देना होगा और अपने स्तर पर जो भी संभव हो, सहयोग देना होगा. हमारा लक्ष्य सबके साथ मिलकर 2018 में भाजपा के अन्यायी राज से प्रदेश को मुक्त कराना है. कमलनाथ ने कहा कि हमें आलोचना कम और क्या करेंगे, यह जनता को बताने पर ज्यादा जोर देना है.

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