शनिवार, 30 जून 2018

देश की अदालतों में बेहतर अधोसंरचना की जरूरत



भारत के प्रधान न्यायाधीश जस्टिस दीपक मिश्रा ने कहा है कि देश की अदालतों में बेहतर अधोसंरचना की जरूरत है.सभी न्यायालयों में न केवल आवश्यक सुविधाएं हों वरन् वहां का वातावरण भी न्यायालय की गरिमा के अनुरूप हो.मिश्र जबलपुर में नवनिर्मित जिला कोर्ट कॉम्पलेक्स के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे.
प्रधान न्यायाधीश मिश्रा ने जबलपुर में नवीन कोर्ट कॉम्पलेक्स के निर्माण पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि एशिया की बेहतरीन कोर्टस में शुमार साकेत कोर्ट से जबलपुर कोर्ट कॉम्पलेक्स किसी भी मायने में कमतर नहीं है.प्रधान न्यायाधीश ने इसके लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान को बधाई देते हुए कहा कि देश के सभी न्यायालयों में इसी प्रकार की बेहतरीन अधोसंरचना और अत्याधुनिक सुविधाओं की आवश्यकता है.उन्होंने आशा व्यक्त की कि मध्यप्रदेश इस सिलसिले में कदम उठाकर अग्रणी राज्य बनेगा.प्रधान न्यायाधीश ने विश्वास जताया कि न्यायालयों में बेहतर अधोसंरचना स्थापित कर प्रभावी, तीव्र गति और गुणवत्तापूर्ण न्याय सुनिश्चित करने में मध्यप्रदेश समूचे देश के लिए उदाहरण बनेगा.
मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चैहान ने कहा कि 192 करोड़ रूपए की लागत से निर्मित जिला कोर्ट के भव्य भवन का प्रधान न्यायाधीश द्वारा उद्घाटन संस्कारधानी के लिए बेहद महत्वपूर्ण अवसर है.इसकी प्रेरणा स्वयं प्रधान न्यायाधीश मिश्रा की थी और उनके इस विचार को मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस श्री हेमंत गुप्ता और पटना हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस राजेन्द्र मेनन द्वारा आगे बढ़ाया गया.मुख्यमंत्री ने कहा कि एडवोकेट्स के लिए फर्नीचर की जरूरतें भी पूरी की जाएंगी. चैहान ने बताया कि एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लगभग तैयार हो चुका है और शीघ्र ही अध्यादेश के जरिए आगे पहल की जाएगी.
इस अवसर पर मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश  जस्टिस हेमंत गुप्ता ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया.कार्यक्रम में पटना हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस राजेन्द्र मेनन तथा म.प्र.हाई कोर्ट के प्रशासनिक न्यायाधीश जस्टिस एस.के. सेठ भी मौजूद थे. कार्यक्रम में मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के जज तथा जबलपुर जिला कोर्ट के पोर्टफोलियो जज  जस्टिस आर.एस.झा ने जिला कोर्ट कॉम्पलेक्स का भवन तैयार होने म.प्र. हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस हेमंत गुप्ता और पटना हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस राजेन्द्र मेनन के योगदान का उल्लेख किया.उन्होंने इस सिलसिले में महाधिवक्ता पुरूषेन्द्र कौरव तथा डिट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष आर.के.सिंह सैनी तथा एसोसिएशन के अन्य पदाधिकारियों की ओर से हासिल सहयोग को भी महत्वपूर्ण बताया.जिला जज चन्द्रेश खरे ने अतिथियों के सम्मान में स्वागत भाषण दिया.कार्यक्रम का संचालन न्यायिक मजिस्ट्रेट अनु सिंह ने किया.डिट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष आर.के. सिंह सैनी ने आभार माना।

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