आफ लाईन मोड में उपस्थिति लगा सकते हैं शिक्षक
राज्य में शिक्षा विभाग ने एम शिक्षा मित्र योजना पर रोक लगाने का कोई फैसला नहीं किया है. मुख्यमंत्री ने भी इस तरह की कोई घोषणा नहीं की है.
यह जानकारी आज राज्य विधानसभा में स्कूल शिक्षा मंत्री विजय शाह ने विधायक मधु भगत के प्रश्न के लिखित जवाब में दी. उन्होंने बताया कि प्रदेश के शिक्षकों और कर्मचारियों में इसे लेकर जो विरोध हुआ, इस विरोध को देखते हुए मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने एम शिक्षा मित्र योजना पर रोक लगाने की कोई घोषणा नहीं की है. मंत्री ने बताया कि एम शिक्षा मित्र शिक्षा विभाग का एम-गवर्नेंस प्लेटफार्म है. यदि किसी अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी के पास एंड्राइड फोन नहीं है, ऐसी स्थिति में उसके संस्था प्रमुख द्वारा उपस्थिति दर्ज कराए जाने का प्रावधान किया गया है. जहां पर नेटवर्क नहीं है, वहां आफ लाईन मोड में उपस्थिति लगाई जा सकती है.
मापदंडों के आधार पर उन्नयन
विधायक रजनीश सिंह के प्रश्न के लिखित जवाब में स्कूल शिक्षा मंत्री विजय शाह ने बताया कि प्रत्येक वर्ष वित्तीय संसाधनों की सीमा, मापदण्डों के आधार पर परीक्षण कर सीमित संख्या में शालाओं का उन्नयन कियाजाता है. उन्होंने बताया कि शालाओं का उन्नयन मापदंडो की पूर्ति, बजट की उपलब्धता के आधार पर निर्भर करती है. मंत्री ने बताया कि केवलारी विधानसभा क्षेत्र की शासकीय माध्यमिक शाला अर्जुनझिर का हाईस्कूल में उन्नयन इस वर्ष किया गया है. शालाओं के उन्नयन के लिए निर्धारित मापदंड अनुसार शासकीय कन्या हाई स्कूल कान्हीवाड़ा दूरी क मान से मापदंड की पूर्ति नहीं करता है. इसके कारण इस शाला का उन्नयन नहीं किया जा सका.
खरगोन, छिंदवाड़ा में माइक्रो इरीकेशन योजना
विधायक कमलेश शाह के प्रश्न के लिखित जवाब में उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री सूर्यप्रकाश मीना ने बताया कि वर्ष 2017-18 में माइक्रो ईरीगेशन योजना के अंतर्गत खरगोन एवं छिंदवाड़ा जिले में किसी भी आशन पत्र का निरस्त नहीं किया गया है. उन्होंने बताया कि इस योजना ेमें हितग्राहियों का अनुदान जिला कोषालय के माध्यम से आरटीजीएस से भुगतान किया गया है. मंत्री ने बताया कि योजना आनलाईन होने से कृषक अंश जमा होते ही कार्य आदेश स्वत: जारी हो जाता है. कृषक तथा कंपनी स्वयं कार्य आदेश आनलाईन डाउनलोड कर प्राप्त कर सकते हैं.
राज्य में शिक्षा विभाग ने एम शिक्षा मित्र योजना पर रोक लगाने का कोई फैसला नहीं किया है. मुख्यमंत्री ने भी इस तरह की कोई घोषणा नहीं की है.
यह जानकारी आज राज्य विधानसभा में स्कूल शिक्षा मंत्री विजय शाह ने विधायक मधु भगत के प्रश्न के लिखित जवाब में दी. उन्होंने बताया कि प्रदेश के शिक्षकों और कर्मचारियों में इसे लेकर जो विरोध हुआ, इस विरोध को देखते हुए मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने एम शिक्षा मित्र योजना पर रोक लगाने की कोई घोषणा नहीं की है. मंत्री ने बताया कि एम शिक्षा मित्र शिक्षा विभाग का एम-गवर्नेंस प्लेटफार्म है. यदि किसी अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी के पास एंड्राइड फोन नहीं है, ऐसी स्थिति में उसके संस्था प्रमुख द्वारा उपस्थिति दर्ज कराए जाने का प्रावधान किया गया है. जहां पर नेटवर्क नहीं है, वहां आफ लाईन मोड में उपस्थिति लगाई जा सकती है.
मापदंडों के आधार पर उन्नयन
विधायक रजनीश सिंह के प्रश्न के लिखित जवाब में स्कूल शिक्षा मंत्री विजय शाह ने बताया कि प्रत्येक वर्ष वित्तीय संसाधनों की सीमा, मापदण्डों के आधार पर परीक्षण कर सीमित संख्या में शालाओं का उन्नयन कियाजाता है. उन्होंने बताया कि शालाओं का उन्नयन मापदंडो की पूर्ति, बजट की उपलब्धता के आधार पर निर्भर करती है. मंत्री ने बताया कि केवलारी विधानसभा क्षेत्र की शासकीय माध्यमिक शाला अर्जुनझिर का हाईस्कूल में उन्नयन इस वर्ष किया गया है. शालाओं के उन्नयन के लिए निर्धारित मापदंड अनुसार शासकीय कन्या हाई स्कूल कान्हीवाड़ा दूरी क मान से मापदंड की पूर्ति नहीं करता है. इसके कारण इस शाला का उन्नयन नहीं किया जा सका.
खरगोन, छिंदवाड़ा में माइक्रो इरीकेशन योजना
विधायक कमलेश शाह के प्रश्न के लिखित जवाब में उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री सूर्यप्रकाश मीना ने बताया कि वर्ष 2017-18 में माइक्रो ईरीगेशन योजना के अंतर्गत खरगोन एवं छिंदवाड़ा जिले में किसी भी आशन पत्र का निरस्त नहीं किया गया है. उन्होंने बताया कि इस योजना ेमें हितग्राहियों का अनुदान जिला कोषालय के माध्यम से आरटीजीएस से भुगतान किया गया है. मंत्री ने बताया कि योजना आनलाईन होने से कृषक अंश जमा होते ही कार्य आदेश स्वत: जारी हो जाता है. कृषक तथा कंपनी स्वयं कार्य आदेश आनलाईन डाउनलोड कर प्राप्त कर सकते हैं.
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