मानव अधिकार आयोग ने मांगा प्रतिवेदन
मध्यप्रदेश के दमोह जिले में बारातियों से लगे जाम में एंबुलेंस फंस जाने से एक बच्ची की मौत हो गई. मानव अधिकार आयोग ने मामले को गंभीरता से लिया और कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक से प्रतिवेदन मांगा है.
आयोग ने जिला दमोह के पथरिया गांव में बिच्छू काटने से पीड़ित बच्ची जिसे पथरिया स्वास्थ्य केन्द्र से से दमोह रेफर किया गया था की एंबुलेंस आशीर्वाद गार्डन के सामने बारात लगने के कारण हुए जाम में फंस जाने के कारण बच्ची की मृत्यु हो जाने की घटना पर संज्ञान लिया है. आयोग ने इस मामले में कलेक्टर तथा पुलिस अधीक्षक दमोह से प्रतिवेदन तलब करते हुए पूछा है कि बारात घरों की स्थापना नियमानुसार है या नहीं. पार्किंग व्यवस्था है या नहीं. यदि वाहनों के आम रास्ते, स्थान पर खड़े रहने से बाधा हो रही है तो उसे हटाने के लिए तत्काल वैधानिक कार्यवाही में कौनसी बाधा है. बारातों के आम रास्ते से निकलते समय ट्रेफिक जाम न हो इसकी क्या व्यवस्था की गई है. ट्रेफिक जाम करने वाले दोषी व्यक्तियों के विरूद्ध तत्काल कार्यवाही कर बाधा हटाते हुए ट्रैफिक नियमित करने की क्या कार्यवाही की जाती है.
मध्यप्रदेश के दमोह जिले में बारातियों से लगे जाम में एंबुलेंस फंस जाने से एक बच्ची की मौत हो गई. मानव अधिकार आयोग ने मामले को गंभीरता से लिया और कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक से प्रतिवेदन मांगा है.
आयोग ने जिला दमोह के पथरिया गांव में बिच्छू काटने से पीड़ित बच्ची जिसे पथरिया स्वास्थ्य केन्द्र से से दमोह रेफर किया गया था की एंबुलेंस आशीर्वाद गार्डन के सामने बारात लगने के कारण हुए जाम में फंस जाने के कारण बच्ची की मृत्यु हो जाने की घटना पर संज्ञान लिया है. आयोग ने इस मामले में कलेक्टर तथा पुलिस अधीक्षक दमोह से प्रतिवेदन तलब करते हुए पूछा है कि बारात घरों की स्थापना नियमानुसार है या नहीं. पार्किंग व्यवस्था है या नहीं. यदि वाहनों के आम रास्ते, स्थान पर खड़े रहने से बाधा हो रही है तो उसे हटाने के लिए तत्काल वैधानिक कार्यवाही में कौनसी बाधा है. बारातों के आम रास्ते से निकलते समय ट्रेफिक जाम न हो इसकी क्या व्यवस्था की गई है. ट्रेफिक जाम करने वाले दोषी व्यक्तियों के विरूद्ध तत्काल कार्यवाही कर बाधा हटाते हुए ट्रैफिक नियमित करने की क्या कार्यवाही की जाती है.
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