रविवार, 20 सितंबर 2020

नेता पुत्रों की जंग भी दिखेगी उपचुनाव में


कार्तिकेय और महाआर्यमन आज से होंगे सक्रिय

मध्यप्रदेष में 28 विधानसभा क्षेत्रों के लिए होने वाले उपचुनाव में नेता पु़त्रों के बीच भी जंग दिखाई देगी। इसकीष्षुरूआत कल सोमवार से सांची विधानसभा क्षेत्र से भाजपा करने जा रही है। सांची विधानसभा क्षे़त्र में युवा सम्मेलन में पहली बार कल मुख्यमंत्री षिवराज सिंह चैहान के पुत्र कार्तिकेय चैहान और राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के पुत्र महाआर्यमन ष्षामिल होने जा रहे हैं।
मध्यप्रदेष में होने वाले उपचुनाव को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच तो घमासान मचा हुआ है, मगर अब मुकाबलों को दिलचस्प बनाने के लिए नेता पुत्रों की सक्रियता भी दिखाई देगी। भाजपा ने उपचुनाव में नेता पुत्रों को मैदान में उतारने का फैसला लिया है। इसके तहत मुख्यमंत्री षिवराज सिंह चैहान के पुत्र कार्तिकेय चैहान और राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के पुत्र महाआर्यमन मैदान में दिखाई देंगे। दोनों नेता पुत्र कल सोमवार को सांची विधानसभा क्षेत्र में भाजयुमो द्वारा आयोजित किए गए युवा सम्मेलन मेंष्षामिल होंगे। वैसे कार्तिकेय लंबे समय से अपने पिता मुख्यमंत्री षिवराज सिंह चैहान के विधानसभा क्षेत्र बुधनी में सक्रिय रहे हैं। वहीं महाआर्यमन भी अपने पिता के संसदीय क्षेत्र गुना में सक्रियता दिखाते रहे है। पहली बार कल वे सांची विधानसभा क्षेत्र में आयोजित इस सम्मेलन मेंष्षामिल होने आएंगे। सांची विधानसभा क्षेत्र से सिंधिया समर्थक मंत्री प्रभुराम चैधरी को भाजपा फिर से मैदान में उतार रही है। इस लिहाज से महाआर्यमन और कार्तिकेय की जोड़ी एक तरह से युवा सम्मेलन में ष्षामिल होकर युवाओं को सक्रिय करने का काम करेंगे।
गौरतलब है कि प्रदेश में बदली राजनीतिक परिदृश्य के बाद उनका चुनाव प्रचार में एक साथ आना प्रदेश की भविष्य की राजनीति के लिहाज के काफी अहम माना जा रहा है। भाजपा में एक तरफ जहां शिवराज और महाराज की जोड़ी इन दिनों एक साथ नजर आ रही है, वैसे ही कार्तिकेय और महाआर्यमान की जोड़ी भी एक साथ उतरने को तैयार है।
दिग्विजय, कमलनाथ के बेटे भी तैयार
भाजपा ही नहीं कांग्रेस में भी नेता पुत्र उपचुनाव के लिए मैदान में उतरने को तैयार हैं। दिग्विजय सिंह के पुत्र विधायक जयवर्धन सिंह और कमलनाथ के बेटे सांसद नकुलनाथ भी सक्रिय हैं। नकुलनाथ भोपाल में अपने पिता के साथ बैठकांे में नजर आए हैं, तो जयवर्धन सिंह भी ग्वालियर चंबल अंचल में मैदान में सक्रियता दिखा रहे है। दोनों नेता पुत्रों को उम्मीद है कि जल्द ही पार्टी द्वारा तय कार्यक्रम में उन्हें जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। संभावना इस बात की जताई जा रही है कि पार्टी दोनों नेतापुत्रों के लिए एक मंच पर कोई कार्यक्रम तय करेगी।  

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