मुख्यमंत्री षिवराज सिंह चैहान ने आज भी ग्वालियर चंबल अंचल के दौरे पर रहे और कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने आज भी कई विकास कार्यों का भूमिपूजन और षिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने ज्योतिरादित्य सिंधिया का चेहरा दिखाकर चुनाव लड़ा और कमलनाथ मुख्यमंत्री बन गए।
भांडेर में जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज ने कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सबसे बड़ी गद्दारी की है, सिंधिया का चेहरा दिखाकर कमलनाथ खुद मुख्यमंत्री बन गए। कमलनाथ ने कभी धूल-मिट्टी नहीं देखी यहां तक की 15 महीने में कभी खेत नहीं गए। अब कुर्सी खिसकी तो सोयाबीन के खेत में पहुंच गए। जब किसानों पर आपदा आई थी तो कभी सुध नहीं ली, वल्लभ भवन में बैठकर ही कामकाज करते रहें। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने किसानों, युवाओं, बहनों को धोखा दिया। सभी कल्याणकारी योजनाओं को बंद कर विकास को ठेंगा दिखाया। कांग्रेस बेरोजगारी भत्ते की बात करती थी, मैं रोजगार देकर दिखाऊंगा।
उन्होंने कहा कि कमलनाथ ने फसल बीमा योजना के प्रीमियम के रु. 2,200 करोड़ जमा ही नहीं किये थे। हमने मुख्यमंत्री बनते ही यह प्रीमियम जमा किया जिससे किसानों को करीब 3,000 करोड़ रूपए का लाभ मिला। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने गरीब गर्भवती बहनों के लिए लड्डू के 16,000 रुपए की व्यवस्था की लेकिन कमलनाथ लड्डू के पैसे भी खा गए। बहनों अब चिंता मत करना, मैं लड्डू के पैसे वापस आपके लिए लेकर आया हूँ। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं बुजुर्गों को तीर्थयात्रा करवाता था, कमलनाथ ने वो छीन ली। मैं बच्चों को लैपटॉप बाँटता था, कमलनाथ जी ने वो छीन लिया। मैं गरीबों के कफन-दफन की व्यवस्था करता था, कमलनाथ ने वह भी नहीं छोड़ा, वह भी छीन लिया।
भांडेर में जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज ने कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सबसे बड़ी गद्दारी की है, सिंधिया का चेहरा दिखाकर कमलनाथ खुद मुख्यमंत्री बन गए। कमलनाथ ने कभी धूल-मिट्टी नहीं देखी यहां तक की 15 महीने में कभी खेत नहीं गए। अब कुर्सी खिसकी तो सोयाबीन के खेत में पहुंच गए। जब किसानों पर आपदा आई थी तो कभी सुध नहीं ली, वल्लभ भवन में बैठकर ही कामकाज करते रहें। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने किसानों, युवाओं, बहनों को धोखा दिया। सभी कल्याणकारी योजनाओं को बंद कर विकास को ठेंगा दिखाया। कांग्रेस बेरोजगारी भत्ते की बात करती थी, मैं रोजगार देकर दिखाऊंगा।
उन्होंने कहा कि कमलनाथ ने फसल बीमा योजना के प्रीमियम के रु. 2,200 करोड़ जमा ही नहीं किये थे। हमने मुख्यमंत्री बनते ही यह प्रीमियम जमा किया जिससे किसानों को करीब 3,000 करोड़ रूपए का लाभ मिला। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने गरीब गर्भवती बहनों के लिए लड्डू के 16,000 रुपए की व्यवस्था की लेकिन कमलनाथ लड्डू के पैसे भी खा गए। बहनों अब चिंता मत करना, मैं लड्डू के पैसे वापस आपके लिए लेकर आया हूँ। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं बुजुर्गों को तीर्थयात्रा करवाता था, कमलनाथ ने वो छीन ली। मैं बच्चों को लैपटॉप बाँटता था, कमलनाथ जी ने वो छीन लिया। मैं गरीबों के कफन-दफन की व्यवस्था करता था, कमलनाथ ने वह भी नहीं छोड़ा, वह भी छीन लिया।
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