शनिवार, 18 जुलाई 2020

वक्त खुद को नेता बनाने का नहीं, पार्टी, संगठन को मजबूत करने का है


पूर्व मंत्री ने पार्टी नेताओं को दी सलाह

मध्यप्रदेष कांग्रेस में विधायकों द्वारा लगातार इस्तीफा ेदेने को लेकर राज्य के पूर्व मंत्री उमंग सिंघार ने चिंता जताई है। उन्होंने पार्टी नेताओं से कहा है कि आज वक्त नेता बनने का नहीं, बल्कि पार्टी और संगठन को मजबूत करने का है।
प्रदेष कंाग्रेस में ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ गए 22 विधायकों के बाद एक एक कर एक सप्ताह के अंदर दो और कांग्रेस विधायकों ने विधायकी छोड़कर भाजपा की सदस्यता ले ली। इसके बाद पार्टी में चिंता खड़ी हो गई है। उपचुनाव को लेकर रणनीति बना रही कांग्रेस के लिए विधायकों द्वारा लगातार पार्टी छोड़ना चिंता बन गया है। इसके चलते राज्य के पूर्व वन मंत्री उमंग सिंघार ने आज टवीट कर पार्टी नेताओं से आग्रह किया है कि आज का वक्त खुद को नेता बनाने का नहीं है. बल्कि पार्टी और संगठन को मजबूत करने का वक्त है।
सिंघार का यह टवीट विधायकों द्वारा विधायकी छोड़कर भाजपा में ष्षामिल होने के बाद किया है। माना जा रहा है कि सिंघार ने इस टवीट के जरिए एक बार फिर राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह पर निषाना साधा है। सिंघार वैसे भी पहले से ही सिंह के खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं।
पीड़ा वर्तमान हालात बताने के लिए काफी
राज्य के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने उमंग सिंघार के टवीट को रिटवीट कर लिखा है कि कमलनाथ  सरकार में मंत्री रहे इस युवा नेता की यह पीड़ा कांग्रेस की वर्तमान हालत बताने के लिए काफी है। उन्होंने लिखा है कि ये विलुप्त होती पार्टी अपने घर से उठने वाली आवाज सुन नहीं रही और अपनी हताशा हमारी पार्टी पर व्यक्त कर रही है।
षिवराज पर कसा तंज
पूर्व मंत्री उमंग सिंघार ने एक और टवीट कर षिवराज सिंह चैहान पर भी तंज कसा है। उन्होंने हाल ही में पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ द्वारा षिवराज सिंह चैहान के साले संजय सिंह को पार्टी का उपाध्यक्ष नियुक्त कर उपचुनाव की जो जिम्मेदारी सौपी है। उसे लेकर भी टवीट किया करते हुए लिखा है कि सालेजी आप तो धर्म की लड़ाई लड़ने कांग्रेस में आ गए, मगर आपके जीजाजी अधर्मियों के बीच फंसे हुए हैं (जैसे शोले पिक्चर के बगैर हाथ वाले ठाकुर साब) क्या उन्हें भी कांग्रेस में लाएंगे ?

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