राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष ने दिया इस्तीफा थामा कांग्रेस का हाथ, दो दर्जन समर्थकों ने भी दिए इस्तीफेप्रधानमंत्री की भोपाल यात्रा के एक रोज पहले भारतीय जनता पार्टी में बगावत हो गई. राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष पदमा शुक्ला ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देकर कांग्रेस का दामन थाम लिया है. कटनी जिले के विजयराघवगढ़ से शुक्ला के इस्तीफा देने के बाद उनके 2 दर्जन समर्थकों ने भी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह को अपने इस्तीफा भेज दिया है. एक साथ दिए गए इन इस्तीफा ने भाजपा के कार्यकर्ता महाकुंभ के पहले भाजपा की चिंता बढ़ दी है.
मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव के नजदीक आते ही कार्यकर्ताओं और नेताओं की नाराजगी का दौर तेज हो चला है. इस नाराजगी के चलते भाजपा में बगावत की स्थिति आज उस वक्त निर्मित हो गई जब मध्यप्रदेश राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष पद्मा शुक्ला ने भाजपा की प्राथमिक सदस्यता और समाज कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया. उन्होंने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंंह को और मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान को इस्तीफे भेज दिए. पद्मा शुक्ला ने इस्तीफे में कहा कि विजयराघवगढ़ विधानसभा क्षेत्र में भाजपा कार्यकर्ताओं पर 2014 के उपचुनाव के बाद से उनकी हो रही उपेक्षा और प्रताड़ना से क्षुब्ध होकर वे इस्तीफा दे रही हैं. पद्मा शुक्ला के इस कदम से विजयराघवगढ़ व कटनी भाजपा में खलबली मच गई है. वहीं पदमा शुक्ला का इस्तीफा ऐसे समय पर आया है जब प्रधानमंत्री मोदी मध्यप्रदेश दौरे पर आने वाले है. भाजपा में हड़कंप की स्थिति मच गई है. बड़े नेताओं ने चुप्पी साध ली है. पद्मा शुक्ला के इस्तीफा देने की बात जब उनके समर्थकों को पता चली तो विजयराघवगढ़ विधानसभा के उनके दो दर्जन समर्थक पार्टी और पदाधिकारियों ने भी इस्तीफे प्रदेश भाजपा अध्यक्ष को इस्तीफे दे दिए हैं.
उल्लेखनीय है पद्मा शुक्ला 2013 के विधानसभा चुनाव में विजयराघवगढ़ से भाजपा की प्रत्याशी रही थी. वे इस चुनाव में कांग्रेस के संजय पाठक से महज 935 वोटों से चुनाव हारी थी. इसके बाद संजय पाठक ने कांग्रेस से इस्तीफा देकर भाजपा का दामन थाम लिया और बाद में उपचुनाव के दौरान पाठक को भाजपा ने प्रत्याशी बनाया, उस वक्त भी विजयराघवगढ़ विधानसभा क्षेत्र के नेताओं में विरोध के स्वर मुखरित हुए थे, मगर संगठन ने संभाल लिए थे. मगर उपचुनाव के बाद से विरोध करने वाले नेता एक तरह से हासिए पर आ गए, जिसके चलते ऐन चुनाव के वक्त यह बगावत का रुप धारण कर लिया. पाठक वर्तमान में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय के राज्यमंत्री हैं.
शुक्ला के समर्थन में इस्तीफा देने वालों में कैमोर, विजयराघवगढ़, बरही के पूर्व मंडल अध्यक्ष, भूमि विकास बैंक जबलपुर के पूर्व अध्यक्ष, जिला सह संयोजक नमामि देवी नर्मदे यात्रा के प्रभारी, सहकारी समिति के अध्यक्ष, पूर्व अध्यक्ष और सक्रिय सदस्य बताए जा रहे हैं.
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें