गुरुवार, 27 सितंबर 2018

मतदान के दिन नदियों में नहीं चला सकेंगे नाव

 सीमावर्ती राज्यों की सीमाएं मतदान के एक सप्ताह पहले कर दी जाएंगे सील
मध्यप्रदेश, राजस्थान और उत्तरप्रदेश के अधिकारियों ने मध्यप्रदेश और राजस्थान में होने वाले विधानसभा चुनाव के दौरान मतदान के एक सप्ताह पहले सीमाएं सील करने का फैसला लिया है. इसके अलावा मतदान के लिए राज्यों की सीमाओं में बहने वाली चंबल, पार्वती के अलावा अन्य नदियों में नावों के संचालन पर भी प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है. इस दिन नदियों पर लगातार सर्चिंग भी की जाएगी.
मध्यप्रदेश के मुरैना में मध्यप्रदेश, राजस्थान और उत्तरप्रदेश के अधिकारियों की बैठक में ये फैसले लिए गए. बैठक चंबल संभाग के संभागायुक्त डा. एम.के.अग्रवाल के अध्यक्षता में हुई. बैठक में राजस्थान से भरपुर आईजी मालनी अग्रवाल, उत्तरप्रदेश के आगरा रेंज के डीआईजी लव कुमार और मध्यप्रदेश के चंबल रेंज के आई जी आंशुमन यादव उपस्थित रहे. बैठक में चंबल रेंज के डीआईजी सुधीर लाड़ ने सीमावर्ती थाने एवं चौकियों की जानकारी दी और बताया कि मुरैना जिला राजस्थान की 8 एवं उत्तरप्रदेश की 2 सीमाओं से जुड़ा है. इसी तरह भिंड जिला उत्तर प्रदेश की 11 सीमाओं सीमाओं से और श्योपुर जिला रास्थान की 6 सीमाओं से जुड़ा है. बैठक में मतदान वाले दिन के एक सप्ताह पहले से राजस्थान और उत्तर प्रदेश की सीमाओं को सील करने का फैसला लिया गया. साथ ही सीमावर्ती क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरा लगाए जाने के निर्देश दिए गए. चंबल के किनारे बीहड़ में लगातार पेट्रोलिंग करने और दूसरे राज्यों के अधिकारियों के साथ सामंजस्य बैठाकर काम करने के निर्देश अधिकारियों को दिए.
नावों पर लगाया जाएगा प्रतिबंध
बैठक में चंबल संभाग के संभागायुक्त डा. एम.के.अग्रवाल ने निर्देश दिए कि मुरैना जिले से लगे सीमावर्ती राज्य राजस्थान, उत्तरप्रदेश की सीमाओं को सील करने के साथ आगरा, धौलपुर में चंबल नदी से नाव द्वारा आवागमन को प्रतिबंधित किया जाए. यहां पर नावों का संचालन दो दिन पहले से ही प्रतिबंधित कर दिया जाए. इसके अलावा पार्वती सहित अन्य नदियों पर नावों का संचालन मतदान वाले दिन किया जाए. नदियों पर भी सख्ती के साथ सर्चिंग की जाए. 

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