मंगलवार, 4 सितंबर 2018

सड़कों के दोनों ओर किया जाए नीम का पौधरोपण

 राष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में पर्यावरण मंत्री आर्य का सभी राज्यों से आग्रह 
पर्यावरण मंत्री अंतर सिंह आर्य ने देश के सभी राज्यों से आग्रह किया है कि वे राष्ट्रीय और राज्य राजमार्ग, नगर निगम, ग्राम पंचायत की सभी सड़कों के दोनों ओर और औद्योगिक क्षेत्र में खाली जमीन पर नीम का पौधरोपण करें. आर्य ने कहा देश और विश्व में जलवायु परिवर्तन को गंभीरता से लेते हुए भावी पीढ़ी को स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण देने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम गंभीरता पूर्वक मंथन करें. 
आर्य ने यह बात भोपाल में मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा सेंटर फार साइंस एनावायरमेंट (सीएसई) और स्वीडन एनवायरमेंट प्रोटेक्शन एजेंसी (सीपा) के सहयोग से आयोजित चार दिवसीय राष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए कही. सीपा, सीएसई सहित गोवा, हिमाचल प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार, उड़ीसा, उत्तरप्रदेश, तेलंगाना, छत्तीसगढ़, हरियाणा, आंध्रप्रदेश और राजस्थान आदि राज्यों के प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं.
आर्य ने कहा कि पिछले 20-30 सालों में पर्यावरण में बहुत बदलाव आया है. इसलिए पर्यावरण को जन-आंदोलन बनाने की आवश्यकता है. उन्होंने प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने राज्य की सरकारों को खाली पड़ी जमीन के 50 प्रतिशत क्षेत्र में नीम और शेष क्षेत्र में अन्य फलदार और छायादार वृक्ष के पौधरोपण का सुझाव दें.  आर्य ने कहा कि पर्यावरण के क्षेत्र में स्वीडन नवीनतम तकनीक का उपयोग कर रहा है. उन्होंने आशा व्यक्त की कि प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान स्वीडन की उपलब्धियों को साझा करते हुए देश, प्रदेश और विश्व पर्यावरण के लिए ठोस परिणाम प्राप्त होंगे.
मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष अनुपम राजन ने कहा कि प्रशिक्षण के चार दिनों में सभी राज्य एक-दूसरे से अपनी उपलब्धियों को साझा कर राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर पर्यावरण संरक्षण की बेहतरी के लिए मंथन करेंगे. उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में कौशल विकास और पर्यावरण में समन्वय स्थापित कर उद्योगों में कम से कम दिक्कत के साथ पर्यावरण संरक्षण के प्रयास किए जा रहे हैं. राजन ने देश और प्रदेश में प्रदूषण को कम करने के प्रयासों की जानकारी देते हुए कहा कि लगातार प्रयासों से कार्बन उत्सर्जन में कमी और सोलर ऊर्जा में वृद्धि हुई है. पेरिस समझौते को पूरा करने के लिए भारत निरंतर प्रयास कर रहा है.
सीपा के बो. जानसन ने स्वीडन में पर्यावरण संरक्षण के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी. सीएसई के निवित कुमार यादव ने भारत में पर्यावरण संरक्षण की की दिशा में किए जा रहे जानकारी दी. आयोजित प्रथम और द्वितीय सत्र में विभिन्न कानूनों के तहत भारत में प्रदूषण नियंत्रण कार्य और बो जानसन द्वारा पर्यावरण कानून में स्वीडन के अनुभव पर जानकारी दी गई. स्वीडन में पल्प एवं पेपर इंडस्ट्रीज और मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सफल प्रकरण अध्ययनों की जानकारी दी गई. बोर्ड के सदस्य सचिव ए. मिश्रा ने आभार प्रकट किया.

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