राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने आज राजभवन में राज्य प्रशासनिक सेवा के नव-नियुक्त प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि सीनियर और जूनियर अधिकारी आपस में समन्वय से काम करें. अधिकारी अपना काम सुशासन से करें और आम लोगों के प्रति सम्मान की भावना रखें.
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सरकार द्वारा आपको जो भी जिम्मेदारी सौंपी जाये, उसका ईमानदारी से निर्वहन करें, संबंधित कार्यों के प्रति निर्णय लेने में कोई विलंब न करें. राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि राजस्व में सबसे ज्यादा गड़बड़ी नामंतरण के प्रकरणों में होती है. इस विभाग में फाइलें पेंडिंग होने के कारण ही अपराध, हत्या और आपसी विवाद के मामले जन्म लेते हैं. राजस्व के संबंध में आने वाली कठिनाईयों और समस्याओं की जानकारी तहसीलदार को सबसे ज्यादा होती है. उन्होंने कहा कि अभी भी आजादी के पहले के भूमि नामंतरण के मामले देश के कई राज्यों में विचाराधीन हैं. पटेल ने कहा कि फाइलों को पेंडिंग नहीं रहने दें. अपने सीनियर अधिकारियों और मंत्रियों से स्वयं मिलकर फाइलों के निपटारे के हल तलाश करें. लगन,समय और परिश्रम पर ज्यादा ध्यान दें. राज्यपाल ने प्रशिक्षु अधिकारियों से कहा कि मिलने आने वाले सभी लोगों का समान सम्मान करें और सभी से एक जैसा व्यवहार करें. ग्रामीणों, गरीबों और शोषितों से मिलने और उनकी समस्याओं के निपटारे को प्राथमिकता दें. जिस जिले में पदस्थ हों, उस जिले के नागरिकों की सुख,समृद्धि और उन्नति का प्रयास करें. उन्होंने कहा कि जूनियर अधिकारियों को परेशान करने की घटनाओं को रोकने के लिए सीनियर अधिकारी के संरक्षण में समिति बनाई जाये. सरकारी योजनाओं को निचले स्तर के नागरिक तक पहुंचाने के दायित्व को प्रोजेक्ट बनाकर पूरा करें.
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सरकार द्वारा आपको जो भी जिम्मेदारी सौंपी जाये, उसका ईमानदारी से निर्वहन करें, संबंधित कार्यों के प्रति निर्णय लेने में कोई विलंब न करें. राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि राजस्व में सबसे ज्यादा गड़बड़ी नामंतरण के प्रकरणों में होती है. इस विभाग में फाइलें पेंडिंग होने के कारण ही अपराध, हत्या और आपसी विवाद के मामले जन्म लेते हैं. राजस्व के संबंध में आने वाली कठिनाईयों और समस्याओं की जानकारी तहसीलदार को सबसे ज्यादा होती है. उन्होंने कहा कि अभी भी आजादी के पहले के भूमि नामंतरण के मामले देश के कई राज्यों में विचाराधीन हैं. पटेल ने कहा कि फाइलों को पेंडिंग नहीं रहने दें. अपने सीनियर अधिकारियों और मंत्रियों से स्वयं मिलकर फाइलों के निपटारे के हल तलाश करें. लगन,समय और परिश्रम पर ज्यादा ध्यान दें. राज्यपाल ने प्रशिक्षु अधिकारियों से कहा कि मिलने आने वाले सभी लोगों का समान सम्मान करें और सभी से एक जैसा व्यवहार करें. ग्रामीणों, गरीबों और शोषितों से मिलने और उनकी समस्याओं के निपटारे को प्राथमिकता दें. जिस जिले में पदस्थ हों, उस जिले के नागरिकों की सुख,समृद्धि और उन्नति का प्रयास करें. उन्होंने कहा कि जूनियर अधिकारियों को परेशान करने की घटनाओं को रोकने के लिए सीनियर अधिकारी के संरक्षण में समिति बनाई जाये. सरकारी योजनाओं को निचले स्तर के नागरिक तक पहुंचाने के दायित्व को प्रोजेक्ट बनाकर पूरा करें.

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